कैमूर में पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छता को नई दिशा देने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहा है। जिला पदाधिकारी के कड़े निर्देशों के तहत बुधवार को जिलेभर में सिंगल यूज प्लास्टिक के खिलाफ विशेष प्रशासनिक सतर्कता अभियान चलाया गया। इस दौरान नगर परिषद और नगर पंचायत क्षेत्रों में सघन छापेमारी की गई। कार्रवाई के बाद प्लास्टिक विक्रेताओं और इसका उपयोग करने वाले दुकानदारों के बीच हड़कंप मच गया। प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि प्लास्टिक मुक्त कैमूर बनाना उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। नगर क्षेत्रों में एक साथ उतरी टीमें नगर कार्यपालक पदाधिकारियों के नेतृत्व में गठित विशेष टीमों ने जिले के सभी नगर परिषद और नगर पंचायत क्षेत्रों में एक साथ दबिश दी। सुबह से ही विभिन्न बाजारों, दुकानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की जांच शुरू कर दी गई। टीमों ने दुकानदारों के यहां रखे प्रतिबंधित प्लास्टिक कैरी बैग, डिस्पोजेबल सामान और अन्य सिंगल यूज प्लास्टिक सामग्री की जांच की। कई स्थानों पर नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर मौके पर ही कार्रवाई की गई। मोहनिया में 19 हजार का जुर्माना अभियान के दौरान मोहनिया नगर क्षेत्र में नियमों की अनदेखी करने वाले दुकानदारों पर कुल 19 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया। अधिकारियों ने बताया कि कई प्रतिष्ठानों में प्रतिबंधित प्लास्टिक सामग्री का उपयोग और भंडारण पाया गया, जिसके बाद तत्काल दंडात्मक कार्रवाई की गई। भभुआ में 18 हजार की वसूली इसी तरह भभुआ नगर क्षेत्र में भी जांच अभियान चलाया गया। यहां विभिन्न दुकानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से 18 हजार रुपए बतौर दंड राशि वसूली गई। प्रशासन की टीम ने दुकानदारों को भविष्य में नियमों का पालन करने की सख्त चेतावनी भी दी। बाजारों और दुकानों में हुई बारीकी से जांच निरीक्षण के दौरान टीमों ने बाजारों, किराना दुकानों, होटल, ठेला और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में सिंगल यूज प्लास्टिक के भंडारण और उपयोग की बारीकी से पड़ताल की। कई दुकानों में प्लास्टिक बैग छिपाकर रखे गए थे, जिन्हें टीम ने जब्त कर लिया। कुछ दुकानदारों ने मौके पर ही प्लास्टिक का उपयोग बंद करने का आश्वासन दिया। प्रशासन का साफ संदेश जिला प्रशासन ने स्पष्ट कहा है कि यह अभियान केवल एक दिन की कार्रवाई नहीं है। आने वाले दिनों में भी लगातार छापेमारी और जांच जारी रहेगी। अधिकारियों ने कहा कि सिंगल यूज प्लास्टिक पर्यावरण, जल स्रोतों और पशुओं के लिए गंभीर खतरा है। इसे खत्म करना सामूहिक जिम्मेदारी है। व्यापारियों और नागरिकों से अपील कैमूर जिला प्रशासन ने आम नागरिकों और व्यापारियों से अपील की है कि वे पर्यावरण को होने वाले नुकसान को समझें और प्रतिबंधित प्लास्टिक का उपयोग बंद करें। प्रशासन ने कपड़े, जूट और अन्य पुनः उपयोग योग्य थैलों के इस्तेमाल पर जोर दिया है। लोगों से इस जनहित अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने का आग्रह किया गया है। नियम तोड़े तो होगी सख्त कार्रवाई अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि नियमों की अनदेखी करने वालों पर आगे भी कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जुर्माने के साथ-साथ सामग्री जब्त करने और अन्य दंडात्मक कदम भी उठाए जा सकते हैं। प्रशासन का कहना है कि यदि लोग स्वेच्छा से नियमों का पालन करें, तो जिले को जल्द प्लास्टिक मुक्त बनाया जा सकता है। स्वच्छ और हरित कैमूर की ओर कदम इस अभियान को जिले में स्वच्छता और हरित वातावरण की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। लगातार कार्रवाई से लोगों में जागरूकता बढ़ेगी और बाजारों में वैकल्पिक साधनों का उपयोग भी बढ़ेगा। स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन की कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ और सुरक्षित पर्यावरण जरूरी है। कैमूर में पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छता को नई दिशा देने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहा है। जिला पदाधिकारी के कड़े निर्देशों के तहत बुधवार को जिलेभर में सिंगल यूज प्लास्टिक के खिलाफ विशेष प्रशासनिक सतर्कता अभियान चलाया गया। इस दौरान नगर परिषद और नगर पंचायत क्षेत्रों में सघन छापेमारी की गई। कार्रवाई के बाद प्लास्टिक विक्रेताओं और इसका उपयोग करने वाले दुकानदारों के बीच हड़कंप मच गया। प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि प्लास्टिक मुक्त कैमूर बनाना उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। नगर क्षेत्रों में एक साथ उतरी टीमें नगर कार्यपालक पदाधिकारियों के नेतृत्व में गठित विशेष टीमों ने जिले के सभी नगर परिषद और नगर पंचायत क्षेत्रों में एक साथ दबिश दी। सुबह से ही विभिन्न बाजारों, दुकानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की जांच शुरू कर दी गई। टीमों ने दुकानदारों के यहां रखे प्रतिबंधित प्लास्टिक कैरी बैग, डिस्पोजेबल सामान और अन्य सिंगल यूज प्लास्टिक सामग्री की जांच की। कई स्थानों पर नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर मौके पर ही कार्रवाई की गई। मोहनिया में 19 हजार का जुर्माना अभियान के दौरान मोहनिया नगर क्षेत्र में नियमों की अनदेखी करने वाले दुकानदारों पर कुल 19 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया। अधिकारियों ने बताया कि कई प्रतिष्ठानों में प्रतिबंधित प्लास्टिक सामग्री का उपयोग और भंडारण पाया गया, जिसके बाद तत्काल दंडात्मक कार्रवाई की गई। भभुआ में 18 हजार की वसूली इसी तरह भभुआ नगर क्षेत्र में भी जांच अभियान चलाया गया। यहां विभिन्न दुकानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से 18 हजार रुपए बतौर दंड राशि वसूली गई। प्रशासन की टीम ने दुकानदारों को भविष्य में नियमों का पालन करने की सख्त चेतावनी भी दी। बाजारों और दुकानों में हुई बारीकी से जांच निरीक्षण के दौरान टीमों ने बाजारों, किराना दुकानों, होटल, ठेला और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में सिंगल यूज प्लास्टिक के भंडारण और उपयोग की बारीकी से पड़ताल की। कई दुकानों में प्लास्टिक बैग छिपाकर रखे गए थे, जिन्हें टीम ने जब्त कर लिया। कुछ दुकानदारों ने मौके पर ही प्लास्टिक का उपयोग बंद करने का आश्वासन दिया। प्रशासन का साफ संदेश जिला प्रशासन ने स्पष्ट कहा है कि यह अभियान केवल एक दिन की कार्रवाई नहीं है। आने वाले दिनों में भी लगातार छापेमारी और जांच जारी रहेगी। अधिकारियों ने कहा कि सिंगल यूज प्लास्टिक पर्यावरण, जल स्रोतों और पशुओं के लिए गंभीर खतरा है। इसे खत्म करना सामूहिक जिम्मेदारी है। व्यापारियों और नागरिकों से अपील कैमूर जिला प्रशासन ने आम नागरिकों और व्यापारियों से अपील की है कि वे पर्यावरण को होने वाले नुकसान को समझें और प्रतिबंधित प्लास्टिक का उपयोग बंद करें। प्रशासन ने कपड़े, जूट और अन्य पुनः उपयोग योग्य थैलों के इस्तेमाल पर जोर दिया है। लोगों से इस जनहित अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने का आग्रह किया गया है। नियम तोड़े तो होगी सख्त कार्रवाई अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि नियमों की अनदेखी करने वालों पर आगे भी कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जुर्माने के साथ-साथ सामग्री जब्त करने और अन्य दंडात्मक कदम भी उठाए जा सकते हैं। प्रशासन का कहना है कि यदि लोग स्वेच्छा से नियमों का पालन करें, तो जिले को जल्द प्लास्टिक मुक्त बनाया जा सकता है। स्वच्छ और हरित कैमूर की ओर कदम इस अभियान को जिले में स्वच्छता और हरित वातावरण की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। लगातार कार्रवाई से लोगों में जागरूकता बढ़ेगी और बाजारों में वैकल्पिक साधनों का उपयोग भी बढ़ेगा। स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन की कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ और सुरक्षित पर्यावरण जरूरी है।


