पूर्णिया में जमीनी विवाद में दो लोगों को बंधक बनाए जाने की सूचना पर उसे छुड़ाने गई पुलिस की टीम पर हमले का मामला सामने आया है। पुलिस की टीम पर पत्थर फेंके जाने और लाठी से हमला किए जाने का आरोप है। हमले में धमदाहा थाना के थानाध्यक्ष, एसआई समेत करीब 6 पुलिसकर्मी घायल हो गए। पुलिस की गाड़ियों में भी जमकर तोड़फोड़ की गई। घटना धमदाहा धमदाहा थाना क्षेत्र के ढोकवा अंडी टोला की है। हिंसक झड़प और हमले में घायल हुए लोगों और पुलिस कर्मियों को स्थानीय अस्पताल और GMCH पूर्णिया में एडमिट कराया गया है। जहां घायलों का इलाज जारी है। घटना के बाद तनाव की स्थिति को देखते हुए पुलिस गांव को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया है। धमदाहा और बनमनखी एसडीपीओ खुद कैंप कर रहे हैं। 5 थानों की पुलिस मौके पर है। एसपी स्वीटी सहरावत मौके पर पहुंची हैं और हालात का जायजा ले रही हैं। अब सिलसिलेवार तरीके से जानिए पूरा मामला ढोकवा अंडी टोला में जमीन को लेकर दो पक्षों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। शनिवार दोपहर विवाद इतना बढ़ गया कि एक पक्ष ने दूसरे पक्ष के बाबूलाल सोरेन और अशोक सोरेन नाम के दो लोगों को पकड़कर बंधक बना लिया। आरोप है कि उन्हें पीटा गया और धारदार हथियार से दोनों के गर्दन काटने की कोशिश भी की जा रही थी। इसी बीच पीड़ित पक्ष की ओर से धमदाहा थाना की पुलिस को इसकी सूचना मिली। जानकारी मिलते ही पुलिस हरकत में आई। पुलिस टीम जब मौके पर पहुंची तो हालात बेहद तनावपूर्ण थे। पुलिस ने काफी मशक्कत के बाद दोनों युवकों को भीड़ के चंगुल से छुड़ाया और तुरंत इलाज के लिए जीएमसीएच भेजा। डॉक्टरों के मुताबिक दोनों अब खतरे से बाहर हैं। हालांकि युवकों को छुड़ाने के दौरान माहौल अचानक बेकाबू हो गया। गांव के लोग उग्र हो गए। आक्रोशित लोग पुलिस टीम से भिड़ गए। देखते ही देखते भीड़ ने पुलिस पर हमला बोल दिया। पुलिसकर्मियों पर लाठी-डंडे बरसाए गए। उनके ऊपर पत्थरबाजी की गई। पुलिस वैन को घेरकर उसके शीशे तोड़ दिए गए। लोगों ने पुलिस टीम को खदेड़कर पीटा। इस जानलेवा हमले में तीन पुलिस वैन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। आरोपी पक्ष के हमले में पुलिस के साथ पीड़ित पक्ष के 5 अन्य लोग घायल आरोपी पक्ष के हमले में पुलिसकर्मियों के साथ पीड़ित पक्ष के 5 अन्य लोग घायल बताए जा रहे हैं, जिन्हें स्थानीय पीएचसी में भर्ती कराया गया है। घटना की जानकारी मिलते ही धमदाहा एसडीपीओ संदीप गोल्डी और बनमनखी एसडीपीओ शैलेश प्रीतम भारी पुलिस बल के साथ गांव पहुंचे। कई थानों की पुलिस बुलाकर हालात पर काबू पाया गया। फिलहाल पूरे इलाके को पुलिस छावनी में बदल दिया गया है। गांव में लगातार गश्त की जा रही है और हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। एसपी स्वीटी सहरावत की से जानकारी दी गई कि पुलिस टीम पर हमले के आरोपियों को चिन्हित करने की कोशिश की जा रही है, जिसके बाद उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। पुलिस आरोपियों की पहचान के लिए कार्रवाई कर रही है। सहरावत ने कहा कि लेकिन इलाके में तनाव की स्थिति को देखते हुए पुलिस छावनी में तब्दील कर दी गई है। स्थिति पुलिस के नियंत्रण में है। पूर्णिया में जमीनी विवाद में दो लोगों को बंधक बनाए जाने की सूचना पर उसे छुड़ाने गई पुलिस की टीम पर हमले का मामला सामने आया है। पुलिस की टीम पर पत्थर फेंके जाने और लाठी से हमला किए जाने का आरोप है। हमले में धमदाहा थाना के थानाध्यक्ष, एसआई समेत करीब 6 पुलिसकर्मी घायल हो गए। पुलिस की गाड़ियों में भी जमकर तोड़फोड़ की गई। घटना धमदाहा धमदाहा थाना क्षेत्र के ढोकवा अंडी टोला की है। हिंसक झड़प और हमले में घायल हुए लोगों और पुलिस कर्मियों को स्थानीय अस्पताल और GMCH पूर्णिया में एडमिट कराया गया है। जहां घायलों का इलाज जारी है। घटना के बाद तनाव की स्थिति को देखते हुए पुलिस गांव को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया है। धमदाहा और बनमनखी एसडीपीओ खुद कैंप कर रहे हैं। 5 थानों की पुलिस मौके पर है। एसपी स्वीटी सहरावत मौके पर पहुंची हैं और हालात का जायजा ले रही हैं। अब सिलसिलेवार तरीके से जानिए पूरा मामला ढोकवा अंडी टोला में जमीन को लेकर दो पक्षों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। शनिवार दोपहर विवाद इतना बढ़ गया कि एक पक्ष ने दूसरे पक्ष के बाबूलाल सोरेन और अशोक सोरेन नाम के दो लोगों को पकड़कर बंधक बना लिया। आरोप है कि उन्हें पीटा गया और धारदार हथियार से दोनों के गर्दन काटने की कोशिश भी की जा रही थी। इसी बीच पीड़ित पक्ष की ओर से धमदाहा थाना की पुलिस को इसकी सूचना मिली। जानकारी मिलते ही पुलिस हरकत में आई। पुलिस टीम जब मौके पर पहुंची तो हालात बेहद तनावपूर्ण थे। पुलिस ने काफी मशक्कत के बाद दोनों युवकों को भीड़ के चंगुल से छुड़ाया और तुरंत इलाज के लिए जीएमसीएच भेजा। डॉक्टरों के मुताबिक दोनों अब खतरे से बाहर हैं। हालांकि युवकों को छुड़ाने के दौरान माहौल अचानक बेकाबू हो गया। गांव के लोग उग्र हो गए। आक्रोशित लोग पुलिस टीम से भिड़ गए। देखते ही देखते भीड़ ने पुलिस पर हमला बोल दिया। पुलिसकर्मियों पर लाठी-डंडे बरसाए गए। उनके ऊपर पत्थरबाजी की गई। पुलिस वैन को घेरकर उसके शीशे तोड़ दिए गए। लोगों ने पुलिस टीम को खदेड़कर पीटा। इस जानलेवा हमले में तीन पुलिस वैन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। आरोपी पक्ष के हमले में पुलिस के साथ पीड़ित पक्ष के 5 अन्य लोग घायल आरोपी पक्ष के हमले में पुलिसकर्मियों के साथ पीड़ित पक्ष के 5 अन्य लोग घायल बताए जा रहे हैं, जिन्हें स्थानीय पीएचसी में भर्ती कराया गया है। घटना की जानकारी मिलते ही धमदाहा एसडीपीओ संदीप गोल्डी और बनमनखी एसडीपीओ शैलेश प्रीतम भारी पुलिस बल के साथ गांव पहुंचे। कई थानों की पुलिस बुलाकर हालात पर काबू पाया गया। फिलहाल पूरे इलाके को पुलिस छावनी में बदल दिया गया है। गांव में लगातार गश्त की जा रही है और हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। एसपी स्वीटी सहरावत की से जानकारी दी गई कि पुलिस टीम पर हमले के आरोपियों को चिन्हित करने की कोशिश की जा रही है, जिसके बाद उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। पुलिस आरोपियों की पहचान के लिए कार्रवाई कर रही है। सहरावत ने कहा कि लेकिन इलाके में तनाव की स्थिति को देखते हुए पुलिस छावनी में तब्दील कर दी गई है। स्थिति पुलिस के नियंत्रण में है।


