संभल जिले की असमोली तहसील के गुमसानी गांव में डॉ. भीमराव अंबेडकर की 135वीं जयंती मनाई गई। इस अवसर पर एक शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीण और क्षेत्रवासी शामिल हुए। यह जयंती प्रतिवर्ष की तरह इस वर्ष भी अंबेडकर जयंती के दो दिन बाद आयोजित की गई। शोभायात्रा शाम 6 बजे शुरू होकर डेढ़ घंटे तक चली और शाम 7:30 बजे संपन्न हुई। शोभायात्रा से पहले, गुमसानी स्थित अरिल नदी के पास डॉ. भीमराव अंबेडकर पार्क में बाबा साहब की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। इसके बाद फीता काटकर शोभायात्रा का शुभारंभ हुआ। यात्रा के दौरान महात्मा गांधी, डॉ. भीमराव अंबेडकर और शहीद भगत सिंह की झांकियां प्रदर्शित की गईं, जो आकर्षण का केंद्र रहीं। इस दौरान लोग ‘बाबा साहब अमर रहें’ और ‘जय भीम’ के नारे लगाते हुए नाच-गा रहे थे। लोगों ने डॉ. अंबेडकर की प्रतिमा पर पुष्प भी अर्पित किए। डॉ. भीमराव अंबेडकर को भारतीय संविधान के निर्माता और दलित समाज के उत्थान में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका के लिए जाना जाता है। इस शोभायात्रा में हिंदू और मुस्लिम दोनों समुदायों के लोग एकजुट होकर शामिल हुए, जो सांप्रदायिक सौहार्द का प्रतीक बना। सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए गांव गुमसानी में भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। शोभायात्रा में एई सुरेंद्र सिंह, पूर्व प्रधान देवेंद्र सिंह उर्फ नीटू, ठाकुर वीरपाल सिंह, राजीव सिंह, मुकेश सिंह, रंजीत सिंह, लाल नरेश सिंह, दिनेश कुमार, हर्षित प्रधान, ऋषिराज सिंह, मास्टर विजेंद्र सिंह, राजीव गौतम, पवन सिंह, अजय अंबेडकर, जयप्रकाश और मानक चंद सहित कई गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे। देखें तस्वीरें…


