यमुनानगर में रात को चलते आंधी तूफान से पांवटा साहिब-जगाधरी हाईवे पर कालेसर गांव के समीप एक विशाल पेड़ अचानक सड़क पर गिर गया। पेड़ गिरने से हाईवे पर दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और रात करीब तीन घंटे तक यातायात पूरी तरह प्रभावित रहा। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और देर रात तक चले अभियान के बाद रास्ता साफ कर यातायात सुचारू कराया।गनिमत रही कि घटना के समय सड़क से कोई वाहन नहीं गुजर रहा था, जिससे बड़ा हादसा टल गया। कारों, बसों व ट्रकों की लगी लंबी लाइन जानकारी के अनुसार रात करीब 10 बजे हाईवे के बीचोंबीच एक बड़ा पेड़ अचानक गिर गया। जिससे हाईवे पर वाहनों के पहिए थम गए और देखते ही देखते दोनों तरफ लंबा जाम लग गया। पांवटा साहिब-जगाधरी हाईवे हिमाचल प्रदेश और यमुनानगर क्षेत्र के कई गांवों को जोड़ने वाला प्रमुख मार्ग है। ऐसे में पेड़ गिरने के कारण बड़ी संख्या में यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और वन विभाग को इसकी जानकारी दी। करीब आधे घंटे बाद वन विभाग की टीम मशीनों और कटर के साथ मौके पर पहुंची। टीम ने भारी-भरकम पेड़ को काटकर हटाने का काम शुरू किया। इस दौरान हाईवे पर कारों, बसों और ट्रकों की लंबी कतारें लगी रहीं। कड़ी मशक्कत बाद रात एक बजे यातायात हुआ सुचारू पेड़ हटाने के अभियान में कई स्थानीय लोग भी वन विभाग की सहायता के लिए आगे आए। करीब तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने पेड़ को काटकर सड़क से हटाया। इसके बाद रात लगभग एक बजे हाईवे पर यातायात दोबारा शुरू हो सका। दिल्ली जा रहे वाहन चालक रोहित ने बताया कि रास्ते में अचानक वाहनों की लंबी कतार दिखाई दी। आगे जाकर पता चला कि सड़क पर बड़ा पेड़ गिरा हुआ है। वन विभाग की टीम पूरी रात पेड़ हटाने में जुटी रही, जिसके बाद रास्ता साफ हो सका।


