आदिवासी समुदायों और वनोपज संग्राहकों से जुड़े उत्पादों को बढ़ावा देने वाली महाराष्ट्र सरकार की पहल शबरी नेचुरल्स ने अपनी आकर्षक पैकेजिंग के लिए प्रतिष्ठित जी-मार्क – ग्लोबल डिजाइन अवार्ड जीता है। अधिकारियों ने रविवार को यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि इस पैकेजिंग का डिजाइन पारंपरिक कला रूपों से प्रेरित है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ में नासिक स्थित ‘शबरी आदिवासी वित्त एवं विकास निगम’ (एसटीएफडीसी) द्वारा संचालित सामाजिक उद्यम को मिले वैश्विक सम्मान का उल्लेख किया और इस पहल को मिली अंतरराष्ट्रीय पहचान की सराहना की। अधिकारियों ने बताया कि ब्रांड की पैकेजिंग में वारली, गोंड और चित्रकथी कला के साथ-साथ जनजातीय संस्कृति की विभिन्न लोककथाओं को शामिल किया गया है। इस डिजाइन ने उत्पादों को बेहतरीन और आकर्षक रूप दिया है तथा जनजातीय जीवन की समृद्धि एवं टिकाऊ जीवनशैली को दुनिया भर के उपभोक्ताओं तक पहुंचाया है।
अधिकारियों के अनुसार, यह पुरस्कार डिजाइन के क्षेत्र में सबसे प्रतिष्ठित सम्मानों में शामिल है और इसे चार नवंबर को टोक्यो में ‘जापान इंस्टीट्यूट ऑफ डिजाइन प्रमोशन’ द्वारा प्रदान किया जाएगा। एसटीएफडीसी की प्रबंध निदेशक लीना बनसोड राज्य सरकार की ओर से यह पुरस्कार प्राप्त करेंगी। ‘शबरी नेचुरल्स’ जनजातीय समुदायों के प्राकृतिक उत्पादों के विपणन के जरिए उन्हें सशक्त बनाने का काम करता है।
इसके तहत प्राकृतिक शहद, बिना ‘पॉलिश’ किए गए चावल, दालें, मोटे अनाज और मसालों जैसे जैविक खाद्य पदार्थों के साथ-साथ हस्तनिर्मित पारंपरिक कलाकृतियों की बिक्री की जाती है।

