मुरादाबाद में जिला कारागार में आर्ट ऑफ लिविंग की ओर से बंदियों के अध्ययन और आत्मविकास को बढ़ावा देने के लिए पुस्तकें और एक अलमारी भेंट की गई। संस्था की ओर से बंदियों के मानसिक स्वास्थ्य और तनाव प्रबंधन के लिए योग, ध्यान एवं सुदर्शन क्रिया के कार्यक्रम भी संचालित किए जा रहे हैं। पिछले एक महीने से आर्ट ऑफ लिविंग के शिक्षक डॉ. गोपाल कृष्ण शर्मा और ऋषि यादव के सहयोग से प्रत्येक सप्ताह हैप्पीनेस प्रोग्राम आयोजित किया जा रहा है। इसमें अब तक 200 से अधिक बंदी शामिल हो चुके हैं। आर्ट ऑफ लिविंग, वेस्ट यूपी के जेल कोऑर्डिनेटर प्रशांत तेवतिया ने कहा कि योग, ध्यान और श्वास तकनीक बंदियों को तनावमुक्त रहने, मानसिक संतुलन बनाए रखने और सकारात्मक सोच विकसित करने में मदद करती हैं।

