बिजनौर में भगवान गणेश का विसर्जन बड़े हर्षोल्लास और भक्तिमय माहौल में शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। जिले के धामपुर, नहटौर सहित विभिन्न कस्बों व ग्रामीण अंचलों में स्थापित गणपति प्रतिमाओं को गाजे-बाजे और ढोल-नगाड़ों की थाप के साथ विसर्जन के लिए ले जाया गया। इस दौरान पूरा वातावरण ‘गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ’ के गगनभेदी जयकारों से गूंज उठा। विसर्जन यात्राओं में श्रद्धालुओं का भारी उत्साह देखने को मिला। डीजे पर बजते भक्ति गीतों और पारंपरिक ढोल की थाप पर महिला, पुरुष और युवा जमकर थिरकते नजर आए। लोगों ने एक-दूसरे को अबीर-गुलाल लगाकर उत्सव की बधाई दी। वहीं, नगरों के मुख्य मार्गों से होकर गुजरी शोभायात्राओं पर स्थानीय नागरिकों ने छतों से पुष्पवर्षा कर बप्पा का स्वागत किया। अंत में श्रद्धालुओं ने भारी मन और नम आंखों से भगवान गणेश को विदाई दी। जिले के कई पूजा पंडालों और व्यक्तिगत रूप से स्थापित मूर्तियों को विसर्जन के लिए बिजनौर गंगा बैराज और हरिद्वार ले जाया गया, जहां पूरे विधि-विधान और वैदिक मंत्रोच्चार के साथ प्रतिमाओं को जल में विसर्जित किया गया। पूरे आयोजन के दौरान यात्रा मार्गों और विसर्जन स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन मुस्तैद रहा, जिससे विसर्जन शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हो सका।

