दानापुर-पीडीडीयू रेलखंड पर ट्रेन से गिरकर यात्री की मौत:नालंदा का रहने वाला था, भाई के साथ काम करने जा रहा था; भीड़ के चलते बैलेंस बिगड़ा

दानापुर-पीडीडीयू रेलखंड पर ट्रेन से गिरकर यात्री की मौत:नालंदा का रहने वाला था, भाई के साथ काम करने जा रहा था; भीड़ के चलते बैलेंस बिगड़ा

दानापुर-पीडीडीयू रेलखंड पर आरा स्टेशन के पश्चिम साइड अप लाइन पर रविवार को ट्रेन से गिरकर नालंदा निवासी एक युवक की मौत हो गई। मृतक नालंदा जिला के हरनौत थाना क्षेत्र के नेहुसा गांव के रहने वाले बालमुकुंद पासवान का 19 साल का बेटा मुकेश पासवान था। मृतक के बड़े भाई राकेश पासवान ने बताया कि मेरा छोटा भाई मुकेश पासवान पेशे से वेल्डिंग मिस्त्री था। उन्होंने बताया कि मैं छोटे भाई के साथ ट्रेन से गाजियाबाद जा रहा था। हम दोनों वहां काम करते हैं। राकेश ने बताया कि ट्रेन में ज्यादा भीड़ थी। हम दोनों गेट के पास ही खड़े थे। कुछ देर के लिए मैं ट्रेन में ही टॉयलेट गया। इसी दौरान ज्यादा भीड़ की वजह से छोटे भाई का बैलेंस बिगड़ गया और वो चलती ट्रेन से रेलवे ट्रैक पर गिर गया। मृतक के बड़े भाई ने बताया कि जब मैं टॉयलेट से बाहर आया तो वहां मौजूद लोगों ने कहा कि एक यात्री चलती ट्रेन से गिरा है। मैंने अपने भाई को आवाज लगाई, जब कोई जवाब नहीं मिला और मैंने उसे नहीं देखा तो चेन पुलिंग कर ट्रेन को रुकवाया। मैं भागकर ट्रैक पर पहुंचा तो देखा कि भाई की मौत हो चुकी है। घटनास्थल से परिवार के सदस्यों को जानकारी दी राकेश ने बताया कि घटनास्थल से ही मैंने परिवार के लोगों के मुकेश के गिरने और उसकी मौत की जानकारी दी। इसके बाद पुलिस ने मुकेश के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए आरा सदर अस्पताल भेज दिया। मृतक मुकेश अपने चार भाई और तीन बहन में तीसरे स्थान पर था। उसके परिवार में मां तेतरी देवी, तीन बहन ममता कुमारी, सुलेखा कुमारी, बबिता कुमारी, तीन भाई राकेश पासवान, कल्लू पासवान एवं परदेशी पासवान है। घटना के बाद मृतक के घर में हाहाकार मच गया है। उसकी मां तेतरी देवी एवं परिवार के सभी सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है। दानापुर-पीडीडीयू रेलखंड पर आरा स्टेशन के पश्चिम साइड अप लाइन पर रविवार को ट्रेन से गिरकर नालंदा निवासी एक युवक की मौत हो गई। मृतक नालंदा जिला के हरनौत थाना क्षेत्र के नेहुसा गांव के रहने वाले बालमुकुंद पासवान का 19 साल का बेटा मुकेश पासवान था। मृतक के बड़े भाई राकेश पासवान ने बताया कि मेरा छोटा भाई मुकेश पासवान पेशे से वेल्डिंग मिस्त्री था। उन्होंने बताया कि मैं छोटे भाई के साथ ट्रेन से गाजियाबाद जा रहा था। हम दोनों वहां काम करते हैं। राकेश ने बताया कि ट्रेन में ज्यादा भीड़ थी। हम दोनों गेट के पास ही खड़े थे। कुछ देर के लिए मैं ट्रेन में ही टॉयलेट गया। इसी दौरान ज्यादा भीड़ की वजह से छोटे भाई का बैलेंस बिगड़ गया और वो चलती ट्रेन से रेलवे ट्रैक पर गिर गया। मृतक के बड़े भाई ने बताया कि जब मैं टॉयलेट से बाहर आया तो वहां मौजूद लोगों ने कहा कि एक यात्री चलती ट्रेन से गिरा है। मैंने अपने भाई को आवाज लगाई, जब कोई जवाब नहीं मिला और मैंने उसे नहीं देखा तो चेन पुलिंग कर ट्रेन को रुकवाया। मैं भागकर ट्रैक पर पहुंचा तो देखा कि भाई की मौत हो चुकी है। घटनास्थल से परिवार के सदस्यों को जानकारी दी राकेश ने बताया कि घटनास्थल से ही मैंने परिवार के लोगों के मुकेश के गिरने और उसकी मौत की जानकारी दी। इसके बाद पुलिस ने मुकेश के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए आरा सदर अस्पताल भेज दिया। मृतक मुकेश अपने चार भाई और तीन बहन में तीसरे स्थान पर था। उसके परिवार में मां तेतरी देवी, तीन बहन ममता कुमारी, सुलेखा कुमारी, बबिता कुमारी, तीन भाई राकेश पासवान, कल्लू पासवान एवं परदेशी पासवान है। घटना के बाद मृतक के घर में हाहाकार मच गया है। उसकी मां तेतरी देवी एवं परिवार के सभी सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है।  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *