‘फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया’ (FSSAI) ने अश्वगंधा के इस्तेमाल को लेकर गाइडलाइन जारी की है। अब किसी भी फूड प्रोडक्ट, सप्लीमेंट या दवा में अश्वगंधा की पत्तियों का उपयोग बैन कर दिया गया है। आयुर्वेद में अश्वगंधा सदियों से औषधि के रूप में इस्तेमाल हो रहा है। इसे स्ट्रेस-एंग्जाइटी कम करने, फिजिकल स्ट्रेंथ बढ़ाने और अच्छी नींद के लिए यूज किया जाता है। हालांकि, इसे हमेशा सही मात्रा में और सही तरीके से लेना चाहिए। इसलिए आज ‘जरूरत की खबर’ में हम अश्वगंधा पर विस्तार से बात करेंगे। साथ ही जानेंगे कि- एक्सपर्ट: डॉ. पी.के. श्रीवास्तव, पूर्व सीनियर कंसल्टेंट, राजकीय आयुर्वेद महाविद्यालय एवं चिकित्सालय, लखनऊ सवाल- अश्वगंधा क्या है? जवाब- अश्वगंधा एक जड़ी-बूटी है। यह एक छोटा, सदाबहार पौधा है, जो भारत, मिडिल ईस्ट और कुछ अफ्रीकी देशों उगता है। सवाल- FSSAI ने अश्वगंधा को लेकर क्या गाइडलाइन जारी की है? जवाब- अब इसके इस्तेमाल को सीमित किया गया है। सवाल- FSSAI ने ये गाइडलाइन क्यों जारी की है? जवाब- FSSAI ने कंज्यूमर्स की सेफ्टी के लिए यह गाइडलाइन जारी की है। सवाल- अश्वगंधा में कौन-कौन से पोषक तत्व होते हैं? जवाब- यूनाइटेड स्टेट्स डिपार्टमेंट ऑफ एग्रीकल्चर (USDA) के मुताबिक, अश्वगंधा में कई एक्टिव कंपाउंड्स और जरूरी पोषक तत्व होते हैं। एक्टिव कंपाउंड्स अश्वगंधा में फाइबर की मात्रा भरपूर होती है। साथ ही इसमें कुछ जरूरी मिनरल्स भी होते हैं। नीचे ग्राफिक में 100 ग्राम अश्वगंधा रूट (जड़) पाउडर की न्यूट्रिशनल वैल्यू देखिए- सवाल- अश्वगंधा के हेल्थ बेनिफिट्स क्या हैं? जवाब- अश्वगंधा फिजिकल और मेंटल हेल्थ दोनों के लिए फायदेमंद माना जाता है। 1. साल 2021 में ‘नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन’ (NLM) में पब्लिश एक रिव्यू रिपोर्ट के मुताबिक- 2. साल 2021 में ‘वेंथम साइंस’ जर्नल में एक रिव्यू रिपोर्ट पब्लिश हुई। इसके मुताबिक, अश्वगंधा स्ट्रेस, एंग्जाइटी, डिप्रेशन और अनिद्रा जैसी समस्याओं से लड़ने में मदद कर सकता है। सभी फायदे ग्राफिक में देखिए- सवाल- अश्वगंधा लेने का सही समय और तरीका क्या है? जवाब- डॉ. पी. के. श्रीवास्तव के मुताबिक, यह व्यक्ति की जरूरत पर निर्भर करता है। अश्वगंधा लेने का सही समय ध्यान रखें, किसी खास बीमारी या कंडीशन में डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है। अश्वगंधा लेने का सही तरीका इसे दूध दूध या गुनगुने पानी के साथ लेना बेहतर है। इससे अवशोषण अच्छा होता है सवाल- अश्वगंधा की कितनी मात्रा सुरक्षित है? जवाब- इसकी सही मात्रा व्यक्ति की उम्र, हेल्थ कंडीशन और उद्देश्य पर निर्भर करती है। डॉ. पी. के. श्रीवास्तव के मुताबिक- इसे एक बार में या सुबह-शाम में (दो बार में) ले सकते हैं। सवाल- क्या अश्वगंधा को रोज लेना सुरक्षित है? जवाब- आमतौर पर इसका सही डोज लेना सुरक्षित है। इसके बावजूद इसे डॉक्टर की सलाह के बिना न लें। सवाल- क्या अश्वगंधा के कोई साइड इफेक्ट्स भी हो सकते हैं? जवाब- हां, अश्वगंधा के ओवरडोज से शरीर पर नेगेटिव असर पड़ सकते हैं। सभी साइड इफेक्ट्स ग्राफिक में देखिए- सवाल- किन लोगों को अश्वगंधा नहीं लेना चाहिए? जवाब- अश्वगंधा भले ही जड़ी-बूटी है, लेकिन कुछ लोगों को इसे लेने से बचना चाहिए। ग्राफिक में देखिए- सवाल- मार्केट से अश्वगंधा खरीदते समय किन बातों का ध्यान रखें? जवाब- अश्वगंधा खरीदते समय कुछ बातों का खास ख्याल रखें- ………………………………… ये खबर भी पढ़ें… जरूरत की खबर- गर्मियों में लें नेचुरल कूलिंग हर्ब्स:बॉडी टेंपरेचर करे कंट्रोल, डिटॉक्स में मददगार, जानें किन्हें नहीं लेना चाहिए गर्मियों में पसीना, थकान और डिहाइड्रेशन जैसे लक्षण बताते हैं कि शरीर लगातार हीट हो रहा है। इससे बचने लिए अक्सर लोग ऐसे डाइट ऑप्शन तलाशते हैं, जो शरीर की गर्मी को बैलेंस कर सकें। इंडियन किचन में कुछ नेचुरल कूलिंग हर्ब्स हमेशा मौजूद रहते हैं। इनमें पुदीना, सौंफ, धनिया शरीर का तापमान बैलेंस करने में मदद करते हैं। पूरी खबर पढ़ें…
जरूरत की खबर- अश्वगंधा पर FSSAI की गाइडलाइन:आंख मूंदकर न खाएं, हेल्थ बेनिफिट्स और नुकसान दोनों समझें, खरीदने से पहले लेबल पढ़ें


