Char Dham Yatra: बद्रीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री, यमुनोत्री की यात्रा के दौरान लोगों को तीर्थ यात्रियों को दुर्गम मार्ग से गुजरना पड़ता है। इस दौरान रास्ते में ऊंचाई के कारण रास्ते में ऑक्सीजन की कमी भी महसूस होती है। जिससे सांस और ब्लड प्रेशर के मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्हें यात्रा मार्ग पर स्थित स्वास्थ्य केंद्रों का सहारा लेना पड़ रहा है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर अभिषेक गुप्ता ने बताया कि 50 साल से अधिक उम्र के यात्रियों का विशेष ध्यान दिया जा रहा है। अब तक 54007 श्रद्धालुओं की स्क्रीनिंग की गई है। कुल 40 तीर्थ यात्रियों की मौत हुई है। इनमें अधिकांश ब्लड प्रेशर और सांस लेने में दिक्कत वाले मरीज शामिल है।
तीर्थ यात्रियों की उमड़ रही भीड़
उत्तराखंड के में चार धाम यात्रा चल रही है। जिसमें बड़ी संख्या में तीर्थयात्री पहुंच रहे हैं। अब तक आठ लाख से ज्यादा तीर्थयात्री बद्री विशाल के दर्शन कर चुके हैं। पांडुकेश्वर में स्वास्थ्य जांच केंद्र स्थापित किया गया है जो बद्री विशाल से 15 किलोमीटर पहले है। यहां पर अब तक 54000 से ज्यादा तीर्थ यात्रियों के स्वास्थ्य का परीक्षण किया गया है।
चार धाम यात्रियों के लिए जारी की गई एडवाइजरी
इस संबंध में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ अभिषेक गुप्ता ने बताया कि यात्रियों की सुरक्षा के लिए स्वास्थ्य संबंधी एडवाइजरी जारी की गई है। यात्रा मार्ग पर जगह-जगह सूचना बोर्ड और बार कोड भी लगाया गया है। जिसको स्कैन करने से स्वास्थ्य संबंधी सलाह और जानकारी मिल जाती है। यात्रियों को इसका लाभ उठाना चाहिए।
क्या कहते हैं मुख्य चिकित्सा अधिकारी?
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि यात्रा मार्ग पर एमआरपी सेंटर, इमरजेंसी सेवाएं चल रही है। बद्रीनाथ धाम में स्थित सरकारी अस्पताल में 7050 बीमारियों का उपचार किया गया है। सबसे ज्यादा परेशानी बद्रीनाथ धाम और गोचर-बद्रीनाथ आस्था पथ पर लोगों को हो रहा है। अब अब तक 40 तीर्थ यात्रियों की मौत हो चुकी है।
बिना स्वास्थ्य परीक्षण के भी यात्री जा रहे
मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि बड़ी संख्या में यात्री बिना स्वास्थ्य परीक्षण के जा रहे हैं। ऊंचाई वाले स्थान जहां ऑक्सीजन की कमी रहती है ऐसे स्थान पर उनकी तबीयत बिगड़ जाती है। उन्होंने स्वीकार किया की सभी तीर्थ यात्रियों की स्क्रीनिंग कर पाना संभव नहीं है। उन्होंने लोगों को जगह-जगह लगाए गए सूचना बोर्ड और इसके बार कोड की मदद लेने की अपील की। पिछले 1 महीने में अब तक आठ लाख तीर्थ यात्री बद्री विशाल के दर्शन कर चुके हैं।


