हरदोई में ईंट भट्टे के पास पानी से भरे गड्ढे में डूबने से एक बालक की मौत के मामले में भट्ठा संचालक समेत दो आरोपियों पर रिपोर्ट दर्ज हो गई है। इस हादसे में डूबने से एक बच्ची भी गंभीर रूप से घायल हो गई थी। जिसको मेडिकल कॉलेज से गुरुवार दोपहर बाद लखनऊ रेफर कर दिया गया था। खनन अधिकारी ने रिपोर्ट दर्ज कराई है। यह घटना शहर कोतवाली क्षेत्र के खम्हरवा गांव में गुरुवार सुबह हुई। ‘अल्पना ब्रिक फील्ड’ ईंट भट्टे के पास पानी से भरे एक गहरे गड्ढे में खेलते समय दो बच्चे डूब गए। हादसे में 10 वर्षीय विशाल की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 9 वर्षीय मोहिनी गंभीर रूप से घायल हो गईं। मृतक विशाल शाहजहांपुर जिले के सेहरामऊ दक्षिणी थाना क्षेत्र के गोटिया गांव निवासी अवधेश का पुत्र था। घायल बच्ची मोहिनी स्थानीय ग्रामीण मुरली की बेटी है। यह ईंट भट्ठा गाटा संख्या 546/2.4390 हे0 पर स्थित है और इसका संचालन अल्पना गुप्ता पत्नी श्याम जी गुप्ता द्वारा किया जा रहा है। जानकारी के अनुसार, भट्टे के पथेर (ईंट पाथने वाले स्थान) के पास बारिश के कारण लगभग एक फीट या उससे अधिक गहरा पानी जमा था। गुरुवार सुबह करीब 10 बजे खेलते समय अचानक पैर फिसलने से दोनों बच्चे गहरे पानी में गिर गए। घटना की सूचना मिलने पर खनन अधिकारी शिवदयाल सिंह ने मौके पर पहुंचकर जांच की। जांच में ‘अल्पना ब्रिक फील्ड’ के संचालक की घोर लापरवाही सामने आई। मौके पर बच्चों या राहगीरों की सुरक्षा के लिए कोई व्यवस्था नहीं थी। गड्ढे के चारों ओर न तो कोई कटीली तार (फेंसिंग) लगाई गई थी और न ही कोई चेतावनी पट्टी बांधी गई थी, जिससे बच्चों को रोका जा सके। खनन अधिकारी की रिपोर्ट में कहा गया है कि “प्रथम दृष्टया यह हादसा अल्पना ब्रिक फील्ड की संचालिका अल्पना गुप्ता की लापरवाही के कारण हुआ है। सुरक्षात्मक घेरा न होने की वजह से बच्चों की जान जोखिम में पड़ी।” शहर कोतवाल संजय त्यागी ने बताया कि भट्ठा संचालक और आकाश गुप्ता के खिलाफ लापरवाही से किसी की मृत्यु हो जाने की धारा में रिपोर्ट दर्ज की है।


