जोधपुर के लूणी इलाके में पेयजल समस्या को लेकर ग्रामीणों ने रास्ता रोककर प्रदर्शन किया। इस दौरान महिलाएं सड़क पर बैठ गईं और रास्ता रोक दिया। सूचना पर प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और समझाइश कर वाहनों का आवागमन शुरू करवाया। दरअसल, लूणी के धुंधाड़ा गांव में पेयजल की समस्या कुछ दिनों से बनी हुई है। इसे परेशान ग्रामीणों का बुधवार को गुस्सा फूट पड़ा। ग्रामीणों ने धुंधाड़ा में रास्ता जाम कर विरोध प्रदर्शन किया और प्रशासन से तत्काल समाधान की मांग की। स्थानीय लोगों ने बताया- लूणी क्षेत्र में भीषण गर्मी के बीच पेयजल की किल्लत काफी बढ़ गई है। कई गांवों में नियमित जल आपूर्ति नहीं हो पा रही है। इससे ग्रामीणों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। धुंधाड़ा गांव के लोगों ने इस समस्या पर रोककर नाराजगी जताई। टैंकर की संख्या बढ़ाने की मांग ग्रामीणों ने मांग कि टैंकरों की संख्या बढ़ाई जाए। साथ ही स्थायी जल स्रोतों को मजबूत किया जाए, ताकि गर्मी के मौसम में पेयजल संकट न रहे। सूचना मिलने पर लूणी एसडीएम हंसमुख कुमार, तहसीलदार इमरान, पटवारी रमेश डूडी और ग्राम विकास अधिकारी महेंद्र सिंह, जलदाय विभाग के अधिकारी, लूणी पुलिस भी पहुंची। उन्होंने ग्रामीणों से समझाइश कर आवागमन सुचारू करवाया। गौरतलब है कि जोधपुर में नहरबंदी के कारण जोधपुर शहर के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में भी करीब एक महीने से पेयजल आपूर्ति बाधित रही। धुंधाड़ा सहित कई गांवों में लुणावास भाखर उच्च जलाशय से पेयजल आपूर्ति होती है। धुंधाड़ा में दो दिन पहले कुछ मोहल्लों में आपूर्ति की गई। इसके बाद आपूर्ति प्रभावित रही। इससे परेशान ग्रामीण आपूर्ति की मांग को लेकर रास्ता रोका। कलेक्ट्रेट पर किया था प्रदर्शन पेयजल समस्या को लेकर लूणी विधानसभा क्षेत्र और आसपास गांवों के लोगों ने कलेक्ट्रेट पर सोमवार को प्रदर्शन किया था। युवाओं ने समस्या निवारण की मांग को लेकर एडीएम को कलेक्टर के नाम का ज्ञापन सौंपा था। लूणी क्षेत्र के युवाओं ने प्रशासन को चेतावनी दी थी कि 15 दिनों में समाधान नहीं किया गया तो जन आंदोलन किया जाएगा। सैकड़ों लोगों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया था। गौतमसिंह राजपुरोहित बड़ली ने एडीएम जवाहर चौधरी को हालात बताए। पीड़ा बताई कि प्रशासन ने गांवों में टंकी तो बनवा दी लेकिन सप्लाई नहीं हो रही। लूणी के लूणी, दूधिया, भाचरना सहित सैकड़ों गांवों में पेयजल की किल्लत है। ग्रामीणों के साथ वन्यजीव भी बेहाल हैं। एडीएम जवाहर चौधरी ने जलदाय विभाग के एसई को कॉल कर प्रभावित गांवों में पानी सप्लाई शुरू करने के निर्देश दिए थे। कैबिनेट मंत्री बोले- प्रदर्शन राजनीति से प्रेरित वहीं प्रदर्शन को लेकर स्थानीय विधायक एवं कैबिनेट मंत्री जोगाराम पटेल ने कहा- कुछ लोग राजनीति से प्रेरित होकर महिलाओं को आगे करके ऐसे प्रदर्शन कर रहे हैं। क्षेत्र में पर्याप्त पेयजल आपूर्ति की जा रही है। पेयजल सप्लाई में लगे टैंकरों की मॉनिटरिंग भी की जा रही है। ऐसे प्रदर्शन राजनीति से प्रेरित हैं।


