झांसी में एक नवविवाहिता की संदिग्ध मौत के बाद उसके मायके पक्ष ने अंतिम संस्कार रोक दिया। परिजनों ने ससुराल वालों पर हत्या का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। मामला तब शांत हुआ जब पुलिस ने पांच के खिलाफ केस दर्ज कर श्मशान घाट से आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया।
झांसी में एक नवविवाहिता की मौत ने बड़ा विवाद खड़ा कर दिया। मायके पक्ष के लोगों ने आरोप लगाया कि उनकी बेटी की हत्या की गई है। जिसके चलते उन्होंने अंतिम संस्कार रोक दिया। मामला नंदनपुरा शमशान घाट का है। जहां काफी देर तक हंगामा चलता रहा। जानकारी के अनुसार, निवाड़ी जिले के बहेरा गांव के रहने वाले दिनेश गोस्वामी की बेटी मीनू की शादी इसी साल 5 फरवरी को झांसी के सीपरी बाजार थाना क्षेत्र के केके पुरी के रहने वाले हिमांशु से हुई थी। सोमवार को मीनू के भाई को उसके पति का फोन आया कि उसकी तबीयत खराब है। तुरंत आने को कहा गया। जब परिवार मेडिकल कॉलेज पहुंचा। तब तक मीनू की मौत हो चुकी थी।
अंतिम संस्कार के समय पति के अलावा परिवार का कोई सदस्य मौजूद नहीं था
मंगलवार को मजिस्ट्रेट की निगरानी में पोस्टमार्टम के बाद शव पति को सौंप दिया गया। पति शव को घर ले गया। अंतिम संस्कार के लिए शमशान घाट ले जाया गया। इसी दौरान मायके पक्ष के लोग भी वहां पहुंच गए। उन्होंने देखा कि ससुराल पक्ष के अन्य लोग मौजूद नहीं हैं। जिससे उनका शक और बढ़ गया। इसके बाद उन्होंने अंतिम संस्कार रोक दिया। पुलिस से कार्रवाई की मांग की।
मायके पक्ष का आरोप बेटी से जेवर मांगा जा रहा था न देने पर कर दी गई हत्या
मायके पक्ष का आरोप था कि उनकी बेटी से उसका जेवर मांगा जा रहा था। जब उसने देने से मना किया तो
उसकी हत्या कर दी गई। मृतका के शरीर पर चोट के निशान भी पाए जाने का दावा किया गया है। मौके पर पहुंची पुलिस ने पहले समझाने की कोशिश की। लेकिन परिजन FIR दर्ज होने तक अड़े रहे।
अंतिम संस्कार के तुरंत बाद पति को शमशान घाट से किया गया गिरफ्तार
आखिरकार पुलिस ने पति समेत पांच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया। लगभग एक घंटे बाद FIR की कॉपी मिलने पर अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी हुई। अंतिम संस्कार के तुरंत बाद पुलिस ने पति को शमशान घाट से ही गिरफ्तार कर लिया। अन्य आरोपियों में उसका भाई, भाभी, बहन और बहनोई शामिल हैं। पुलिस अब पूरे मामले की जांच कर रही है।


