मानसून में क्या होगा…राजधानी में सोमवार की शाम महज एक घंटे की बारिश ने नगर निगम और बिजली विभाग के दावों की हवा निकाल दी। सड़कों पर जलजमाव और घंटों बिजली गुल होने से लोग परेशान रहे। पटना जंक्शन, जीपीओ गोलंबर से आर ब्लॉक, वीरचंद पटेल पथ, आयकर गोलंबर, कदमकुआं, राजेंद्रनगर, कंकड़बाग, गर्दनीबाग, अटल पथ, इंद्रपुरी, पाटलिपुत्र कॉलोनी, कुर्जी मोड़ से पीएनएम मॉल, राजाबाजार, बाइपास, रामकृष्णानगर, बेउर सहित अन्य इलाकों में जलजमाव होने से लोग परेशान रहे। वहीं, नमामि गंगे प्रोजेक्ट और नाला निर्माण वाले इलाके राजीवनगर, इंद्रपुरी, जयप्रकाश नगर, बाबा चौक, उत्तरी पटेल नगर आदि के लोग घरों में कैद रहे। राजीवनगर रोड नंबर-24 में चलना मुश्किल हो गया। स्थानीय निवासी अमित कुमार ने बताया कि शिव मंदिर से रोड नंबर-24 मोड़ तक नमामि गंगे का काम करने वाली एजेंसी ने आधी सड़क को काट दिया है। मिट्टी सड़क पर छोड़ दी है। इससे फिसलन और जलजमाव होने से चलना मुश्किल हो गया है। गाड़ी निकलना भी मुश्किल है। रोड नंबर 25 को बंद करने से रोड नंबर-23 होकर भी जाना मुश्किल हो गया है। अटल पथ फ्लाईओवर से राजीवनगर रोड नंबर-24 तक नाला निर्माण और नमामि गंगे का काम एक साथ चल रहा है। जहां सड़क निर्माण चल रहे, वहां ज्यादा दिक्कत, गुजरना मुश्किल तेज आंधी और बारिश ने बिजली व्यवस्था को भी ध्वस्त कर दिया। इंजीनियरों ने शहर के दर्जनों फीडरों को सुरक्षा के लिहाज से बंद किया। वहीं, आंधी के कारण कई जगहों पर पेड़ की टहनियां और बैनर गिरने से सप्लाई बंद हुई। गर्म ट्रांसफॉर्मर और लूज फीडरों से चिनगारी निकलने लगी। इस दौरान दर्जनों इंसुलेटर पंक्चर हो गए। बारिश समाप्त होने के बाद पावर ट्रांसफॉर्मर चालू करने पर भी कंकड़बाग, पटना सिटी, राजेंद्रनगर, गुलजारबाग, महेंद्रू, अशोक राजपथ, बांकीपुर, डाकबंगला, बोरिंग रोड, शास्त्रीनगर, गर्दनीबाग, बाइपास, सगुना मोड़, दानापुर, दीघा सहित कई इलाकों में बिजली सप्लाई चालू नहीं हो सकी। पेड़ की टहनियों और तार पर फंसे बैनर को हटाकर देर शाम बिजली सप्लाई चालू की गई। खगौल इलाके में पेड़ गिरने से जमालुद्दीन चक, चकरदाहा, गोरेगांव, नवरत्नपुर, मोहम्मदपुर सहित आसपास के इलाके में रात 9 बजे बिजली सप्लाई बंद रही। शहर के नालों के खुले ढक्कन ने लोगों की परेशानी बढ़ाई है। पाटलिपुत्र, कदमकुआं, कंकड़बाग, राजेंद्रनगर इलाके में लोग इससे परेशान हैं। खास कर गाड़ी से आने-जाने वाले लोगों के चैंबर में गिरने का खतरा है। शहर के कई इलाकों में बारिश के बाद जगह-जगह मैनहोल ओवरफ्लो कर गया। फ्यूज कॉल की संख्या दोगुनी: बारिश के बाद शहर में फ्यूज कॉल की संख्या दोगुनी हो गई। फ्यूज कॉल और बिजली कंपनी के हेल्पलाइन नंबर-1912 पर फोन लगाने में लोगों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। इंजीनियरों के मुताबिक, कई जगह डिस्ट्रीब्यूशन ट्रांसफॉर्मर के जंपर उड़ गए। कुछ जगहों पर पेड़ों के गिरने से तार टूट गया। कुछ जगहों पर सुरक्षा कारणों से फीडर बंद किए गए थे। मानसून में क्या होगा…राजधानी में सोमवार की शाम महज एक घंटे की बारिश ने नगर निगम और बिजली विभाग के दावों की हवा निकाल दी। सड़कों पर जलजमाव और घंटों बिजली गुल होने से लोग परेशान रहे। पटना जंक्शन, जीपीओ गोलंबर से आर ब्लॉक, वीरचंद पटेल पथ, आयकर गोलंबर, कदमकुआं, राजेंद्रनगर, कंकड़बाग, गर्दनीबाग, अटल पथ, इंद्रपुरी, पाटलिपुत्र कॉलोनी, कुर्जी मोड़ से पीएनएम मॉल, राजाबाजार, बाइपास, रामकृष्णानगर, बेउर सहित अन्य इलाकों में जलजमाव होने से लोग परेशान रहे। वहीं, नमामि गंगे प्रोजेक्ट और नाला निर्माण वाले इलाके राजीवनगर, इंद्रपुरी, जयप्रकाश नगर, बाबा चौक, उत्तरी पटेल नगर आदि के लोग घरों में कैद रहे। राजीवनगर रोड नंबर-24 में चलना मुश्किल हो गया। स्थानीय निवासी अमित कुमार ने बताया कि शिव मंदिर से रोड नंबर-24 मोड़ तक नमामि गंगे का काम करने वाली एजेंसी ने आधी सड़क को काट दिया है। मिट्टी सड़क पर छोड़ दी है। इससे फिसलन और जलजमाव होने से चलना मुश्किल हो गया है। गाड़ी निकलना भी मुश्किल है। रोड नंबर 25 को बंद करने से रोड नंबर-23 होकर भी जाना मुश्किल हो गया है। अटल पथ फ्लाईओवर से राजीवनगर रोड नंबर-24 तक नाला निर्माण और नमामि गंगे का काम एक साथ चल रहा है। जहां सड़क निर्माण चल रहे, वहां ज्यादा दिक्कत, गुजरना मुश्किल तेज आंधी और बारिश ने बिजली व्यवस्था को भी ध्वस्त कर दिया। इंजीनियरों ने शहर के दर्जनों फीडरों को सुरक्षा के लिहाज से बंद किया। वहीं, आंधी के कारण कई जगहों पर पेड़ की टहनियां और बैनर गिरने से सप्लाई बंद हुई। गर्म ट्रांसफॉर्मर और लूज फीडरों से चिनगारी निकलने लगी। इस दौरान दर्जनों इंसुलेटर पंक्चर हो गए। बारिश समाप्त होने के बाद पावर ट्रांसफॉर्मर चालू करने पर भी कंकड़बाग, पटना सिटी, राजेंद्रनगर, गुलजारबाग, महेंद्रू, अशोक राजपथ, बांकीपुर, डाकबंगला, बोरिंग रोड, शास्त्रीनगर, गर्दनीबाग, बाइपास, सगुना मोड़, दानापुर, दीघा सहित कई इलाकों में बिजली सप्लाई चालू नहीं हो सकी। पेड़ की टहनियों और तार पर फंसे बैनर को हटाकर देर शाम बिजली सप्लाई चालू की गई। खगौल इलाके में पेड़ गिरने से जमालुद्दीन चक, चकरदाहा, गोरेगांव, नवरत्नपुर, मोहम्मदपुर सहित आसपास के इलाके में रात 9 बजे बिजली सप्लाई बंद रही। शहर के नालों के खुले ढक्कन ने लोगों की परेशानी बढ़ाई है। पाटलिपुत्र, कदमकुआं, कंकड़बाग, राजेंद्रनगर इलाके में लोग इससे परेशान हैं। खास कर गाड़ी से आने-जाने वाले लोगों के चैंबर में गिरने का खतरा है। शहर के कई इलाकों में बारिश के बाद जगह-जगह मैनहोल ओवरफ्लो कर गया। फ्यूज कॉल की संख्या दोगुनी: बारिश के बाद शहर में फ्यूज कॉल की संख्या दोगुनी हो गई। फ्यूज कॉल और बिजली कंपनी के हेल्पलाइन नंबर-1912 पर फोन लगाने में लोगों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। इंजीनियरों के मुताबिक, कई जगह डिस्ट्रीब्यूशन ट्रांसफॉर्मर के जंपर उड़ गए। कुछ जगहों पर पेड़ों के गिरने से तार टूट गया। कुछ जगहों पर सुरक्षा कारणों से फीडर बंद किए गए थे।


