Princess diana mr wonderful: प्रिंसेस डायना का नाम कई लोगों से जुड़ा था, लेकिन उनमें से सिर्फ एक शख्स ऐसा था, जिसे उन्होंने ‘मिस्टर वंडरफुल’ नाम दिया। कहा जाता है कि वह एकमात्र ऐसे पुरुष थे, जिनसे उन्होंने सच्चा प्यार किया था। यह व्यक्ति कोई और नहीं, बल्कि डॉ. हसनात खान हैं, जो पाकिस्तानी मूल के ब्रिटिश कार्डियक सर्जन हैं। दोनों के संबंध 1995 से 1997 तक रहे। लेकिन अगस्त 1997 में पेरिस में कार दुर्घटना में डायना की मौत के बाद उनकी मोहब्बत कभी मुकम्मल नहीं हो पाई। अब वे लंबे समय बाद अपनी 20 साल छोटी पत्नी के साथ पाकिस्तान लौटे हैं, जिसके चलते वे सुर्खियों में हैं।
हसनात खान: कार्डियक सर्जन
पाकिस्तान के झेलम में हसनात खान का जन्म हुआ था। वे एक उच्च वर्गीय मुस्लिम परिवार से हैं। 1958 में जन्मे हसनात ने पाकिस्तान में मेडिकल कॉलेज की पढ़ाई पूरी करने के बाद ऑस्ट्रेलिया में सर्जरी की प्रैक्टिस की। इसके बाद उन्होंने लंदन के इम्पीरियल कॉलेज से पीएचडी की और रॉयल ब्रोम्पटन हॉस्पिटल, लंदन चेस्ट हॉस्पिटल और हैरफील्ड हॉस्पिटल में काम किया।
डॉ. हसनात खान की प्रिंसेस डायना से मुलाकात 1995 में रॉयल ब्रोम्पटन हॉस्पिटल में हुई थी, जहां वह अपनी एक बीमार दोस्त से मिलने गई थीं। इसके बाद दोनों के बीच दोस्ती हो गई। शर्मीले स्वभाव के हसनात खान उस वक्त अविवाहित थे और जब उनकी मुलाकात डायना से हुई, तब वे उनसे केवल दो साल बड़े थे। इस मुलाकात के बाद उनकी दोस्ती गहरी होती चली गई। वे मिडलसेक्स के हैरफील्ड अस्पताल के पास स्थित ‘ब्रेक्सपीयर आर्म्स’ नामक पब में भी मिलने लगे। यह भी कहा जाता है कि डायना ने उस डॉक्टर को कार की डिक्की में छिपाकर अपने केंसिंगटन पैलेस स्थित आवास तक पहुंचाया था।
पाकिस्तान की यात्रा
प्रिंसेस डायना ने 1991, 1996 और 1997 में पाकिस्तान की यात्रा की थी। हालांकि फरवरी 1996 की यात्रा खासा चर्चा में रही, जब उन्होंने पारंपरिक सलवार-कमीज पहनी थी। इस दौरान उन्होंने डॉ. हसनात खान के परिवार से भी मुलाकात की। डायना ने पूर्व टेस्ट क्रिकेटर इमरान खान द्वारा संचालित कैंसर अस्पताल का दौरा भी किया था, जो हसनात के दूर के रिश्तेदार हैं। कहा जाता है कि उन्होंने वहां के लोगों का दिल जीतने के लिए काफी प्रयास किए। उनके परिवार के सदस्यों में उनकी दादी भी शामिल थीं, जिनसे डायना का लंबे समय से पत्राचार चल रहा था। यह भी कहा जाता है कि दोनों ने शादी करने, बच्चे पैदा करने और पाकिस्तान में बसने की संभावना पर चर्चा की थी। डायना ने उन्हें अपने बेटों से भी मिलवाया था।
इस्लाम धर्म अपनाने पर विचार
यह भी कहा जाता है कि डायना एक समय इतनी प्रभावित हो गई थीं कि उन्होंने शादी के लिए इस्लाम धर्म अपनाने पर भी विचार किया था। हालांकि बाद में दोनों के बीच रिश्ता खत्म हो गया, लेकिन डायना उनके परिवार के संपर्क में बनी रहीं। बाद में पेरिस में एक कार दुर्घटना में उनकी मृत्यु हो गई।
अब पाकिस्तान में क्या करेंगे हसनात खान?
डॉ. खान पाकिस्तान में एक हृदय अस्पताल का संचालन करेंगे। वे लाहौर स्थित जिन्ना इंस्टीट्यूट ऑफ कार्डियोलॉजी के डीन हैं। वे हमेशा प्रसिद्धि से दूर रहते हैं। पाकिस्तान लौटने से पहले हाल के वर्षों में उन्होंने एसेक्स के बेसिलडन और थुरॉक यूनिवर्सिटी अस्पतालों में एक सलाहकार कार्डियोथोरेसिक सर्जन के रूप में काम किया है, जहां वे अपनी दूसरी पत्नी और छोटी बेटी के साथ रहते थे।
हाल ही में डॉ. खान को पंजाब की मुख्यमंत्री मरियम नवाज से मिलते हुए देखा गया। मरियम नवाज ने इंग्लैंड छोड़कर अपने देश की सेवा करने के उनके फैसले का स्वागत किया। हालांकि माना जा रहा है कि वे ब्रिटेन में परामर्श सेवाएं देने के लिए आते-जाते रहेंगे और साथ ही पाकिस्तान में अपना नया ठिकाना भी स्थापित करेंगे। अस्पताल का कहना है कि वे अभी भी ब्रिटेन में कार्यरत हैं और पूरी तरह से पाकिस्तान में नहीं बसे हैं।


