US Military Raring to go Iran: अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव के बीच सीजफायर की समयसीमा खत्म होने से पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कड़ा रुख अपनाया है। ट्रंप ने साफ कहा है कि अगर तय समय तक कोई समझौता नहीं हुआ, तो अमेरिका सैन्य कार्रवाई कर सकता है। यह बयान ऐसे समय आया है जब दोनों देशों के बीच बातचीत को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है।
मिलिट्री तैयार है…
ट्रंप ने एक इंटरव्यू में कहा कि अमेरिकी सेना पूरी तरह तैयार है और जरूरत पड़ने पर तुरंत कार्रवाई कर सकती है।
ट्रंप ने कहा, “अगर हमें ऐसा समझौता नहीं मिलता जो हमारे और दुनिया के हितों की रक्षा करे, तो हम बमबारी करेंगे। सेना पूरी तरह तैयार है।” उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिकी सेना पूरी तरह तैयार और सक्षम है।
सीजफायर बढ़ाने के पक्ष में नहीं
ट्रंप ने यह भी स्पष्ट किया कि वह मौजूदा सीजफायर को आगे बढ़ाने के पक्ष में नहीं हैं। उनका कहना है कि समय बहुत कम है और ईरान को जल्दी फैसला लेना होगा।
ट्रंप ने कहा, “मैं सीजफायर बढ़ाना नहीं चाहता। उनके पास विकल्प नहीं है उन्हें बातचीत करनी होगी।”
बातचीत को लेकर अनिश्चितता
इस बीच, पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में अमेरिका और ईरान के बीच दूसरे दौर की बातचीत को लेकर भी स्थिति साफ नहीं है। इससे पहले 11 और 12 अप्रैल को हुई बातचीत बेनतीजा रही थी। हालांकि, कूटनीतिक स्तर पर बातचीत के संकेत जरूर मिल रहे हैं लेकिन दोनों पक्षों की ओर से आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
इजरायल-ईरान टकराव के बाद बढ़ा दबाव
इस पूरे तनाव की पृष्ठभूमि फरवरी में हुए हमलों से जुड़ी है जब अमेरिका और इजरायल ने ईरान के ठिकानों पर संयुक्त कार्रवाई की थी। इसके जवाब में ईरान ने भी जवाबी हमले किए, जिससे क्षेत्र में टकराव तेज हो गया। इसके बाद ही दोनों पक्षों के बीच अस्थायी सीजफायर लागू किया गया था ताकि बातचीत के लिए समय मिल सके।
हालांकि, इस दौरान भी दोनों देशों ने एक-दूसरे पर सीजफायर उल्लंघन के आरोप लगाए हैं। ऐसे में अब जब युद्धविराम की समयसीमा खत्म होने जा रही है, हालात फिर से बिगड़ने की आशंका बढ़ गई है।
सीजफायर पर बना हुआ है दबाव
दोनों देशों के बीच लागू दो हफ्ते का सीजफायर 22 अप्रैल को खत्म होने वाला है। इस दौरान कई बार उल्लंघन के आरोप भी लगे हैं जिससे स्थिति और संवेदनशील हो गई है।अगर तय समय तक कोई समझौता नहीं हुआ तो क्षेत्र में फिर से सैन्य टकराव बढ़ने की आशंका है।


