बागपत के डीएम कार्यालय पर खेकड़ा तहसील के बसी गांव निवासी बिजेन्द्र अपने परिवार के साथ धरने पर बैठ गए। उन्होंने पुलिस पर मिलीभगत का आरोप लगाते हुए जमीन विवाद में कार्रवाई की मांग की। बिजेन्द्र का कहना है कि उन्होंने सलावतपुर खेड़ी में करीब 6 बीघा कृषि भूमि खरीदी थी, जिस पर वे लंबे समय से खेती कर रहे हैं। बिजेन्द्र के अनुसार, अब किसान और उसके परिवार के सदस्य उन्हें लगातार परेशान कर रहे हैं और जमीन पर कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जब भी वे अपनी जमीन में फसल बोते हैं, तो विपक्षी ट्रैक्टर चलाकर फसल नष्ट कर देते हैं, जिससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान हो रहा है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि आरोपियों की स्थानीय पुलिस से मिलीभगत है। बिजेन्द्र का दावा है कि उन्हें झूठे मुकदमों में फंसाने की धमकियां दी जा रही हैं और एक बार उन्हें झूठे मामले में जेल भी भेजा जा चुका है, जिससे उनका परिवार भयभीत है। बिजेन्द्र ने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच, दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई और सुरक्षा प्रदान करने की मांग की है। देर रात तक डीएम कार्यालय में धरना जारी रहा, जहां अधिकारी परिवार को समझाने और मामले को शांत कराने का प्रयास करते रहे। खेकड़ा के सीओ रोहन चौरसिया ने इस संबंध में बताया कि यदि जमीन में कोई विवाद है, तो उसकी जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। सीओ ने बताया कि यह विरोध इस परिवार पर दर्ज मुकदमे में दबाव बनाने के लिए किया जा रहा है। उन्होंने आश्वस्त किया कि नियमानुसार कार्रवाई होगी।


