Eczema Cause in Stress: एक्जिमा से पीड़ित लोगों के लिए एक आम अनुभव है कि जब भी वे चिंता (Stress) से गुजरते हैं, उनकी त्वचा पर लाल चकत्ते और खुजली के फ्लेयर-अप्स (Flare-ups) अचानक बढ़ जाते हैं। अब तक इसे अनुमान माना जाता था, लेकिन Fudan University in Shanghai के एक शोध में वैज्ञानिकों ने खास न्यूरॉन्स की पहचान की है जो दिमाग के तनाव को स्किन की बीमारी में बदल देते हैं।
आइए जानते हैं एक्जिमा क्या है? इसके कारण, लक्षण और बचाव के क्या उपाय हैं?
कैसे काम करता है स्ट्रेस-टू-स्किन कनेक्शन?
हमारे शरीर में सेंसरी न्यूरॉन्स नाम का एक नेटवर्क होता है जो दिमाग को सिग्नल भेजता है। जब हम मानसिक तनाव में होते हैं, तो दिमाग इन न्यूरॉन्स को सक्रिय कर देता है। ये न्यूरॉन्स त्वचा में कुछ खास तरह के केमिकल्स छोड़ते हैं, जिससे त्वचा में अचानक सूजन और खुजली शुरू हो जाती है।
क्या होता है एक्जिमा?
एक्जिमा त्वचा की एक पुरानी (Chronic) बीमारी है। इसमें त्वचा की ऊपरी परत का प्रोटेक्शन बैरियर कमजोर हो जाता है, जिससे नमी बाहर निकल जाती है और बैक्टीरिया या एलर्जी पैदा करने वाले तत्व त्वचा के अंदर चले जाते हैं।
एक्जिमा के कारण (Causes of Eczema)
- परिवार में किसी को एक्जिमा, अस्थमा या एलर्जी होना।
- इम्यून सिस्टम की परेशानी।
- धूल, धुआं, पालतू जानवरों के बाल, पराग कण।
- कठोर साबुन, डिटर्जेंट, शैम्पू या परफ्यूम का इस्तेमाल।
- मानसिक तनाव होना।
एक्जिमा के लक्षण (Eczema Symptoms)
- त्वचा का मोटा होना।
- तेज खुजली होना।
- लाल या भूरे रंग के धब्बे होना।
- त्वचा का सूखापन होना।
- छोटे दाने होना।
बचाव के उपाय?
- दिन में दो बार खुशबू रहित (Fragrance-free) क्रीम लगाएं।
- गुनगुने पानी से नहाएं।
- ऊनी या सिंथेटिक कपड़ों से बचें।
- नाखून हमेशा काट कर रखें।
- योग या गहरी सांस लेने वाले व्यायाम करें।
डिसक्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह किसी क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। इसलिए पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।


