Asha Bhosle Facts : भारतीय संगीत की शुमार सिंगर आशा भोसले का निधन 92 की उम्र (Asha Bhosle Death) में रविवार को हुआ। हिंदी प्लेबैक सिंगिंग में आशा को हमेशा याद किया जाएगा। हर रंग के गानों को अपने आवाजों से संजोने वाली आशा को ना केवल गाना बल्कि कुकिंग भी शौकीन थीं। 92 की उम्र में दुनिया को अलविदा कहने वाली आशा ने कई इंटरव्यू में बताया था कि वो कैसे खुद को फिट रखती थीं।
“द इंडियन एक्सप्रेस” 2023 और उनके 90वें जन्मदिन के दुबई कॉन्सर्ट के दौरान दिए गए इंटरव्यू में अपनी लाइफस्टाइल को लेकर कमाल की चीजें बताई थीं। जिनके बारे में हम नीचे पढ़ेंगे-
खुद का काम खुद करने में विश्वास
उन्होंने बताया था कि वो सुबह 7:00 बजे उठती हैं। वह सबसे पहले खुद अपनी चाय बनाती हैं। उनका मानना है कि खुद का काम खुद करने से शरीर सक्रिय रहता है। इंटरव्यू में उन्होंने बताया है कि वह घर के काम करने से कभी पीछे नहीं हटीं, जो उन्हें शारीरिक रूप से मजबूत बनाता है।
नियमित रियाज से खुद को रखा फिट
90 की उम्र में भी वह रोजाना रियाज करती थीं। उनके लिए संगीत “सांस लेने” जैसा है। रिया न केवल उनके गले को, बल्कि उनके फेफड़ों और मानसिक एकाग्रता को भी दुरुस्त रखता है।
आशा को किचन से जुड़ाव
वह हमेशा किचन में खुद जाकर देखती हैं कि क्या बन रहा है। वो खुद खाना भी बनाती थीं। इसके वीडियो भी इंस्टाग्राम पर शेयर कर चुकी हैं। खाना से जुड़ाव का कारण है कि वो रेस्टोरेंट खोलीं जो आज भी चल रहे हैं। विदेशों में भी उनके रेस्टोरेंट्स पर भारतीय स्वाद से भरा खाना मिलेगा।
आशा की सकारात्मक सोच
जब उनसे उनकी ऊर्जा के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा, “किसने कहा मैं 90 की हो गई हूं? मैं अभी 19 की हुई हूं।” वह हमेशा खुद को मानसिक रूप से युवा रखती थीं। यही वजह थी कि दो बार तलाक और जीवन के कई उतराव-चढ़ाव के बाद बी वो जीवन में ठहरी नहीं।
आशा भोसले का पहला गाना
लता मंगेशकर की आवाज के आगे आशा को अपनी पहचान स्थापित करने में मेहनत करनी पड़ी थी। वर्ष 1948 में ‘चुनरिया’ मूवी के जरिए आशा ने पार्श्व गायन के क्षेत्र में एंट्री मारी। अपना पहला गीत ‘सावन आया रे’ गीता दत्त और शमशाद बेगम के साथ गाया।
साल 1949 में फिल्म ‘रात की रानी’ से पहला सोलो गाया और फिर वहीं से आगे बढ़ती चली गईं।
सबसे अधिक गाने का रिकॉर्ड अपने नाम किया
भारतीय सिनेमा में सबसे अधिक गाने का रिकॉर्ड साल 2011 में गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में इनके नाम पर दर्ज हुआ। उन्होंने 8 दशकों से लंबे करियर में 20 से अधिक भाषाओं में 12 हजार से अधिक गाने गाए।
इन्हीं गानों के जरिए आशा ताई हमारे दिलों में हमेशा जिंदा रहेंगी!


