बरेली में चोरों ने चोरी का ऐसा तरीका अपनाया, जिसे देख पुलिस भी हैरान रह गई। एक गोदाम तक पहुंचने के लिए चोरों ने 8 फीट गहरी और 3 फीट चौड़ी सुरंग खोद डाली। इसी रास्ते से अंदर घुसकर चोरों ने 7 महीने में 9 टन कॉपर स्क्रैप चुरा लिया। यह पूरी वारदात सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई है। गोदाम मालिक का कहना है कि उसके गोदाम में तीन बार चोरी हुई है। हर बार पुलिस को सीसीटीवी फुटेज और चोरों की जानकारी दी गई, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। मालिक ने कहा- इस बार भी पुलिस से शिकायत की है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पूरा मामला सीबीगंज थाना क्षेत्र के महेशपुरा इलाके का है। अब जानिए पूरा मामला… 2 टन कॉपर स्क्रैप चोरी कर ले गए सिविल लाइंस भटनागर कॉलोनी के रहने वाले पंकज जैन फर्म पदमावती एसोसिएट के मालिक हैं। पंकज जैन ने बताया- मेरी फर्म अलग-अलग विभागों से बेकार या अनुपयोगी सामान नीलामी के जरिए खरीदती है। नीलामी में खरीदे गए सामान को रखने के लिए सीबीगंज क्षेत्र के महेशपुरा इलाके में 1500 गज में एक गोदाम बना रखा है। पंकज जैन ने बताया- मुझे गोदाम में चोरी की सूचना मिली। इसके बाद 28 अप्रैल को जब मैं गोदाम का निरीक्षण करने पहुंचा तो वहां का नजारा देखकर हैरान रह गया। गोदाम की पिछली दीवार के पास जमीन खोदकर करीब 8 फीट गहरी और 3 फीट चौड़ी सुरंग बनाई गई थी। इसी सुरंग के जरिए अज्ञात चोर अंदर घुसे और करीब 2 टन कॉपर स्क्रैप चोरी कर ले गए। इसकी कीमत लगभग 28 लाख रुपए बताई जा रही है। इसके बाद मैंने पुलिस को सूचना दी। पंकज जैन की तहरीर के आधार पर सीबीगंज थाने में अज्ञात चोरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस को चोरों को भी जानकारी दी, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई व्यापारी पंकज जैन ने बताया- मेरे गोदाम में 3 बार चोरी हो चुकी है। अब तक करीब 1 करोड़ रुपए का स्क्रैप चोरी किया जा चुका है। हर घटना के बाद मैंने पुलिस को सीसीटीवी फुटेज दी और अपने स्तर पर चोरों की पहचान कर उनके घर तक की जानकारी भी दी। इसके बाद भी पुलिस ने सिर्फ एफआईआर दर्ज की। आरोपियों को पकड़ने के लिए कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। काम बंद करने की नौबत आ गई पंकज जैन ने बताया- पहली घटना करीब 7 महीने पहले हुई थी, जिसमें 2 टन स्क्रैप चोरी हुआ था। उस समय मैंने काफी प्रयास कर चोरों का सुराग लगा लिया था, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद जनवरी में दूसरी चोरी हुई, जिसमें करीब 5 टन स्क्रैप चोरी हुआ, जिसकी कीमत 60 से 70 लाख रुपए थी। अब 28 अप्रैल को तीसरी बार चोरी हुई, जिसमें 2 टन से अधिक स्क्रैप चोरी हुआ। जिसकी कीमत करीब 28 लाख रुपए बताई जा रही है। लगातार हो रही चोरी की घटनाओं से मैं परेशान हूं। दूसरी घटना के बाद मैंने पूरे गोदाम को रेलवे की मजबूत लोहे की चादरों से ढकवा दिया था, ताकि कोई अंदर न घुस सके। इसके बाद इस बार चोरों ने जमीन के नीचे सुरंग बनाकर चोरी की है। मैंने कभी सोचा भी नहीं था कि चोर इस तरह से चोरी करेंगे। हालात ऐसे हो गए हैं कि अब मुझे अपना काम बंद करने की नौबत आ रही है। आखिर कब तक वह इस तरह नुकसान झेलते रहेंगे।


