देवास में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के संविदा स्वास्थ्यकर्मी अपनी लंबित मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। जिले के लगभग 500 से अधिक संविदा कर्मचारी कामकाज से दूर हैं, जिससे स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। आंदोलन के तहत शनिवार को कर्मचारियों ने उज्जैन तिराहा स्थित बाबा भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर ज्ञापन सौंपा और नारेबाजी कर विरोध प्रदर्शन किया। संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी संघ के जिलाध्यक्ष राजेश गुर्जर ने बताया कि प्रदेशभर में लगभग 32 हजार संविदा कर्मचारी स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री की उपस्थिति में मांगों पर सहमति बनने के बावजूद एक साल बीत जाने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। समान वेतन और सुविधा की मांग भी शामिल
संघ की प्रमुख मांगों में नियमितीकरण की घोषणा का क्रियान्वयन, एनपीएस (राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली) और स्वास्थ्य बीमा का लाभ, 10 प्रतिशत वार्षिक वेतन वृद्धि, महंगाई भत्ता, वेतन विसंगतियों का निराकरण, नियमित कर्मचारियों के समान अवकाश तथा समान कार्य के लिए समान वेतन और सुविधाएं शामिल हैं। संघ के अनुसार, 2 जून से जिले के सभी संविदा कर्मचारी विभागीय ऑनलाइन और ऑफलाइन कार्यों का पूर्ण बहिष्कार करते हुए अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। इस हड़ताल के कारण स्वास्थ्य विभाग की विभिन्न योजनाओं और सेवाओं का संचालन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। राजेश गुर्जर ने बताया कि आंदोलन के अगले चरण में सरकार की सद्बुद्धि के लिए सुंदरकांड पाठ का आयोजन किया जाएगा। इसके बाद प्रदेश स्तर पर भोपाल में प्रदर्शन कर सरकार तक कर्मचारियों की आवाज पहुंचाई जाएगी। कर्मचारियों ने स्पष्ट किया है कि जब तक उनकी मांगों पर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।


