ललितपुर में मंगलवार शाम करीब 5 बजे शहर में डोल ग्यारस (जलझूलनी एकादशी) का पर्व धूमधाम से मनाया गया। चौबेयाना मंदिर से श्रीजी विमान में सवार होकर निकले। इसके बाद शहर के 60 से ज्यादा मंदिरों से श्रीजी की मूर्तियों को विमानों में लेकर घंटाघर पहुंचाया गया। आयोजन में 20 हजार से ज्यादा श्रद्धालु शामिल हुए। यह पर्व शहर में करीब 142 साल से मनाया जा रहा है। घंटाघर से निकली विशाल विमान यात्रा चौबेयाना मंदिर के साथ शहर के अलग-अलग मंदिरों से आए विमानों को घंटाघर पर एकत्र किया गया। इसके बाद यहां से विशाल शोभायात्रा निकाली गई, जिसे विमान यात्रा कहा जाता है। यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। सुम्मेरा तालाब में कराया जल विहार शोभायात्रा के बाद शाम करीब 7 बजे सुम्मेरा तालाब पर भगवान की मूर्तियों का गंगाजल से जलाभिषेक किया गया। इसके बाद उन्हें तालाब में जल विहार कराया गया। जलाभिषेक के बाद सभी विमानों को रामलीला मैदान में क्रम से खड़ा किया गया। आरती में जनप्रतिनिधि और अधिकारी शामिल हुए रात करीब 8:30 बजे भगवान की आरती की गई। इसमें श्री नृसिंह मंदिर के महंत गंगादास महाराज, राज्यमंत्री मनोहर लाल पंथ, सदर विधायक सोनाली जैन, प्रेस क्लब अध्यक्ष राजीव बबेले, जिलाधिकारी सत्य प्रकाश, पुलिस अधीक्षक संजीव कुमार, अपर जिलाधिकारी दिनेश कुमार, सदर उपजिलाधिकारी हेमंत पटेल समेत पार्षद और हनुमान जयंती रामलीला समिति के सदस्य शामिल हुए। गणेश पंडाल और मंदिरों में हुई आरती आरती के बाद सभी विमान शोभायात्रा के रूप में कटरा बाजार स्थित गणेश पंडाल पहुंचे। यहां गणेश जी की आरती की गई। इसके बाद सभी विमान घंटाघर स्थित थानेश्वर और जगदीश मंदिर पहुंचे। यहां भी आरती की गई। तैयारियों में जुटी थी नगर पालिका और समिति आयोजन के लिए नगर पालिका और श्री हनुमान जयंती रामलीला समिति की ओर से कई दिनों से तैयारियां की जा रही थीं। धार्मिक आयोजन के दौरान शहर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। देखें उत्सव की फोटो…

