सीवान महावीरी जुलूस में लाठी-पाइप के साथ पहुंचे युवक:प्रशासनिक मंच के पास जमकर हुआ प्रदर्शन; सुबह 4 बजे बड़ी मस्जिद पार कर गया जुलूस

सीवान महावीरी जुलूस में लाठी-पाइप के साथ पहुंचे युवक:प्रशासनिक मंच के पास जमकर हुआ प्रदर्शन; सुबह 4 बजे बड़ी मस्जिद पार कर गया जुलूस

सीवान में शुक्रवार देर रात शहर के अलग-अलग मोहल्लों से महावीरी जुलूस निकला। यह जुलूस शांति बट वृक्ष पहुंचा, जहां से सभी अखाड़े कतार में हाफिजी चौक और बड़ी मस्जिद होते हुए अपने तय स्थानों पर लौटे। जुलूस को लेकर प्रशासन ने सुरक्षा और कानून-व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए थे। शहर के मुख्य चौराहों और संवेदनशील जगहों पर मजिस्ट्रेट, पुलिस अधिकारी और बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था। बड़ी मस्जिद के पास बने मुख्य प्रशासनिक मंच से डीडीसी अमिताभ सिंह, सदर एसडीओ आशुतोष गुप्ता और एसडीपीओ अजय कुमार सिंह पूरी व्यवस्था पर नजर रख रहे थे। नगर थाना प्रभारी अविनाश कुमार भी जुलूस को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के लिए लगातार सक्रिय थे। वे खुद शहर के मुख्य स्थानों पर पहुंचकर अखाड़ों की गतिविधियों और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते रहे। कार्यक्रम के दौरान की तस्वीरें….. पाइप और लाठी लेकर पहुंचे युवक

प्रशासन के लगातार निर्देशों और सख्ती के बावजूद, अखाड़ा नंबर एक और अखाड़ा नंबर पांच में बड़ी संख्या में युवक पाइप और लाठी लेकर पहुंचे। प्रशासनिक मंच के पास पहुंचने के बाद इन युवकों ने लाठी और पाइप से जमकर प्रदर्शन किया। इस दौरान काफी देर तक वहां लाठी-पाइप पीटने का सिलसिला चलता रहा। प्रदर्शन में कुछ पुलिस अधिकारी और जवान घायल भी हुए। हालांकि, पुलिस और प्रशासन की सक्रियता से स्थिति को काबू में रखा गया और जुलूस आगे बढ़ता रहा। मस्जिद के पास से अखाड़ों को निकालना था सुरक्षित महावीरी जुलूस के दौरान प्रशासन की सबसे बड़ी चुनौती बड़ी मस्जिद के पास संवेदनशील रास्ते से सभी अखाड़ों को सुरक्षित निकालना था। नगर थाना प्रभारी अविनाश कुमार की तैयारियों और मौके पर उनकी लगातार निगरानी का असर व्यवस्था पर साफ दिखा। कई सालों बाद इस बार पूरा अखाड़ा शनिवार सुबह करीब चार बजे बड़ी मस्जिद को पार कर गया। इसके बाद जुलूस अपने तय रास्ते से आगे बढ़ता रहा और सुबह करीब छह बजे महावीरी जुलूस पूरी तरह खत्म हो गया। पूरी रात पुलिस और प्रशासन के अधिकारी शहर में मुस्तैद रहे। प्रशासन की निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था के कारण जुलूस के दौरान कोई बड़ी अप्रिय घटना नहीं हुई। सीवान में शुक्रवार देर रात शहर के अलग-अलग मोहल्लों से महावीरी जुलूस निकला। यह जुलूस शांति बट वृक्ष पहुंचा, जहां से सभी अखाड़े कतार में हाफिजी चौक और बड़ी मस्जिद होते हुए अपने तय स्थानों पर लौटे। जुलूस को लेकर प्रशासन ने सुरक्षा और कानून-व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए थे। शहर के मुख्य चौराहों और संवेदनशील जगहों पर मजिस्ट्रेट, पुलिस अधिकारी और बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था। बड़ी मस्जिद के पास बने मुख्य प्रशासनिक मंच से डीडीसी अमिताभ सिंह, सदर एसडीओ आशुतोष गुप्ता और एसडीपीओ अजय कुमार सिंह पूरी व्यवस्था पर नजर रख रहे थे। नगर थाना प्रभारी अविनाश कुमार भी जुलूस को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के लिए लगातार सक्रिय थे। वे खुद शहर के मुख्य स्थानों पर पहुंचकर अखाड़ों की गतिविधियों और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते रहे। कार्यक्रम के दौरान की तस्वीरें….. पाइप और लाठी लेकर पहुंचे युवक

प्रशासन के लगातार निर्देशों और सख्ती के बावजूद, अखाड़ा नंबर एक और अखाड़ा नंबर पांच में बड़ी संख्या में युवक पाइप और लाठी लेकर पहुंचे। प्रशासनिक मंच के पास पहुंचने के बाद इन युवकों ने लाठी और पाइप से जमकर प्रदर्शन किया। इस दौरान काफी देर तक वहां लाठी-पाइप पीटने का सिलसिला चलता रहा। प्रदर्शन में कुछ पुलिस अधिकारी और जवान घायल भी हुए। हालांकि, पुलिस और प्रशासन की सक्रियता से स्थिति को काबू में रखा गया और जुलूस आगे बढ़ता रहा। मस्जिद के पास से अखाड़ों को निकालना था सुरक्षित महावीरी जुलूस के दौरान प्रशासन की सबसे बड़ी चुनौती बड़ी मस्जिद के पास संवेदनशील रास्ते से सभी अखाड़ों को सुरक्षित निकालना था। नगर थाना प्रभारी अविनाश कुमार की तैयारियों और मौके पर उनकी लगातार निगरानी का असर व्यवस्था पर साफ दिखा। कई सालों बाद इस बार पूरा अखाड़ा शनिवार सुबह करीब चार बजे बड़ी मस्जिद को पार कर गया। इसके बाद जुलूस अपने तय रास्ते से आगे बढ़ता रहा और सुबह करीब छह बजे महावीरी जुलूस पूरी तरह खत्म हो गया। पूरी रात पुलिस और प्रशासन के अधिकारी शहर में मुस्तैद रहे। प्रशासन की निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था के कारण जुलूस के दौरान कोई बड़ी अप्रिय घटना नहीं हुई।  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *