जयपुर। राजस्थान के मेलवास गांव की 21 वर्षीय युवती को बेंगलूरु में कथित तौर पर जबरन कार में ले जाने का मामला सामने आया है। युवती ने करीब आठ-नौ महीने पहले परिवार की इच्छा के खिलाफ गांव के ही 23 वर्षीय ओमप्रकाश से प्रेम विवाह किया था। शादी के बाद दोनों बेंगलूरु में रह रहे थे। पुलिस के मुताबिक परिवार इस विवाह से खुश नहीं था और युवती को वापस लाने के लिए चार लोगों को बेंगलूरु भेजा गया था।
चीख सुनकर लोगों ने किया पीछा
बुधवार रात अग्रहारा दशरहल्ली इलाके में युवती को कथित तौर पर जबरन कार में बैठाकर ले जाया जा रहा था। इसी दौरान युवती के चिल्लाने की आवाज आसपास के लोगों ने सुनी। इसके बाद स्थानीय लोगों ने कार का पीछा करना शुरू कर दिया। भागने के दौरान कार की रफ्तार बढ़ गई और उसने रास्ते में कई बाइक और अन्य वाहनों को टक्कर मार दी। इससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और छह लोग घायल हो गए।
बेंगलूरु पश्चिम के पुलिस उपायुक्त यतीश एन के अनुसार, पीछा कर रहे लोगों ने होसहल्ली के पास कार को रोक लिया। इसके बाद युवती को कार से बाहर निकाला गया। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले में शामिल लोगों को हिरासत में लिया।
तीन आरोपी पकड़े, चालक भाग निकला
पुलिस ने राजस्थान निवासी राकेश (31), करण (25) और अयान (18) को हिरासत में लिया है। वहीं कार चला रहा सद्दाम मौके से फरार हो गया। पुलिस उसकी तलाश कर रही है। मामले में युवती को जबरन ले जाने के पीछे परिवार के अन्य सदस्यों की भूमिका भी जांच के दायरे में है।
टक्कर में छह लोग घायल
कार की चपेट में आने से पृथ्वीराज (12), यशिका (9), अमूल (35), मणि (64), जयलक्ष्मी (57) और संतोष (33) घायल हुए हैं। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल कार को भी जब्त कर लिया है। कार का पंजीकरण नंबर आरजे 22 सीसी 9691 बताया गया है। फिलहाल पुलिस पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने के साथ यह पता लगाने में जुटी है कि युवती को ले जाने की योजना में परिवार के अन्य लोगों की क्या भूमिका थी।

