धार ऐतिहासिक भोजशाला में शारदीय नवरात्रि की तीसरी तिथि पर विशेष आयोजन हुआ। राजा भोज उद्यान से मां वाग्देवी को अर्पित करने के लिए 1111 मीटर लंबी चुनरी यात्रा निकाली गई। यात्रा में 2 हजार से अधिक महिला श्रद्धालु शामिल हुईं। रास्तेभर जगह-जगह फूलों की वर्षा कर यात्रा का स्वागत किया गया। इस दौरान भोज उत्सव समिति के सदस्य भी मौजूद रहे। ढोल-ढमाकों और धार्मिक उत्साह के बीच चुनरी यात्रा राजा भोज उद्यान से शुरू होकर शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए ऐतिहासिक भोजशाला पहुंची। यहां श्रद्धालुओं ने मां वाग्देवी को 1111 मीटर लंबी चुनरी अर्पित की और विधि-विधान से पूजन-अर्चन किया। आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला। आयोजकों और श्रद्धालुओं के अनुसार, हाईकोर्ट के आदेश के बाद नवरात्रि में मां वाग्देवी को स्वतंत्र रूप से चुनरी अर्पित करने का यह पहला अवसर था। इस आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह रहा। यात्रा के दौरान धार्मिक जयकारों से माहौल भक्तिमय बना रहा। सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए पुलिस बल तैनात रहा। यात्रा के साथ पुलिसकर्मी भी मौजूद रहे, ताकि आयोजन शांतिपूर्ण तरीके से हो सके।

