मेरठ के खरखौदा थाना क्षेत्र के लालपुर गांव में गर्भवती महिला से लूट के मामले में जांच के दौरान नया मोड़ सामने आया है। फोरेंसिक जांच में घर में जबरन घुसकर लूटपाट किए जाने के ठोस साक्ष्य नहीं मिले हैं। पुलिस ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने के साथ आसपास के CCTV कैमरों की फुटेज भी खंगाली। अब तक ऐसी कोई फुटेज या अन्य जानकारी नहीं मिली है, जिससे बाहर से बदमाशों के घर में घुसने की पुष्टि हो सके। बुधवार को लालपुर निवासी देवांग की गर्भवती पत्नी रुचि ने पुलिस को सूचना दी थी कि बदमाश घर में घुसे और उसे बंधक बनाकर मारपीट की। महिला ने घर से करीब 2 लाख रुपए नकद और सोने के जेवर ले जाने का आरोप लगाया था। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और फोरेंसिक टीम को बुलाकर जांच कराई। टीम ने घर के अंदर और आसपास से साक्ष्य जुटाए। नशीला पदार्थ सुंघाने की भी पुष्टि नहीं घटना के दौरान महिला को नशीला पदार्थ सुंघाकर बेहोश किए जाने की बात भी सामने आई थी। हालांकि, पुलिस जांच में इसकी भी पुष्टि नहीं हुई है। फोरेंसिक जांच में न तो जबरन लूट के ठोस साक्ष्य मिले और न ही नशीला पदार्थ इस्तेमाल किए जाने की पुष्टि हुई। CCTV और मोबाइल नंबरों की जांच जारी सर्विलांस टीम ने आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली और संदिग्ध मोबाइल नंबरों की जानकारी जुटाई। पुलिस को अभी तक ऐसी कोई फुटेज नहीं मिली है, जिसमें घटना में शामिल बताए जा रहे बदमाश दिखाई दे रहे हों। इसके बाद पुलिस ने घटना से जुड़े दूसरे पहलुओं पर भी जांच शुरू कर दी है। महिला के परिजनों से पूछताछ की जा रही है और घर में मौजूद लोगों की जानकारी जुटाई जा रही है। एसपी देहात अभिजीत कुमार सिंह ने बताया कि फोरेंसिक जांच में लूट की घटना की पुष्टि करने वाले साक्ष्य नहीं मिले हैं। मामला संदिग्ध प्रतीत हो रहा है। सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है।

