बारां नगर परिषद चुनाव के वार्ड नंबर 16 से भाजपा प्रत्याशी एडवोकेट अंतिमा यादव अपने पति और बच्चे के साथ मतदान के बाद से लापता हैं। परिजनों की शिकायत पर कोतवाली थाना पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ अपहरण का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अंतिमा यादव और उनके पति संजय यादव दोनों पेशे से वकील हैं। 9 सितंबर को पहले चरण का मतदान हुआ था। परिजनों का आरोप है कि मतदान के दिन अंबेडकर भवन स्थित मतदान केंद्र पर जनसंपर्क के बाद घर लौटते समय अज्ञात लोगों ने उन्हें जबरन अपने साथ ले लिया। शाम तक पोलिंग बूथ पर थी, लेकिन नहीं पहुंची घर
परिजनों ने बताया कि अंतिमा खुद मतदान केंद्र पर पोलिंग एजेंट के तौर पर मौजूद थीं। शाम करीब 5 बजे तक वह बूथ पर ही दिखाई दी थीं। मतदान खत्म होने के बाद जब वह घर नहीं पहुंचीं, तो उनकी तलाश शुरू की गई। कोई सुराग नहीं मिलने पर अंतिमा की सास अंगूरी बाई और मां कृष्णा बाई ने कोतवाली थाने में रिपोर्ट लिखवाई। भाजपा का भी संपर्क टूटा
इधर, भाजपा संगठन का भी अंतिमा यादव से संपर्क टूट गया है, जिससे पार्टी में चिंता बढ़ गई है। भाजपा नगर अध्यक्ष ओपी पारेता ने बताया कि मतदान के बाद पार्टी सभी प्रत्याशियों से फीडबैक लेती है और जरूरत पड़ने पर उन्हें कार्यालय बुलाती है, लेकिन अंतिमा यादव से मतदान के बाद से कोई संपर्क नहीं हो सका है। परिवार से भी कोई जानकारी नहीं मिली है। पार्टी अपने स्तर पर उनकी तलाश कर रही है। वार्ड 16 में भाजपा की स्थिति मजबूत है और जीत की पूरी उम्मीद है। पुलिस तलाश में जुटी
कोतवाली थाना सीआई हीरालाल पुनिया ने बताया कि शिकायत के आधार पर केस दर्ज कर लिया गया है। आसपास के रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देखी जा रही है और सभी एंगल से जांच की जा रही है। जांच के बाद ही साफ हो पाएगा कि यह किडनैप है या इसके पीछे कोई और वजह है।

