भदोही में स्वदेशी जागरण मंच की महिला जिलाध्यक्ष रूपाली जायसवाल को 4 अक्टूबर को हाउस अरेस्ट किए जाने का मामला सामने आया है। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम के दौरान हुई इस कार्रवाई से नाराज रूपाली ने मंगलवार को जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर मामले में कार्रवाई की मांग की। रूपाली ने बताया कि 4 अक्टूबर को सुबह करीब 11 बजे महिला पुलिसकर्मी उनके मर्याद पट्टी स्थित लाल कारपेट आवास पर पहुंचीं। पुलिसकर्मियों ने उन्हें घर में ही हाउस अरेस्ट कर दिया। उनके मुताबिक, पुलिस ने बताया कि भाजपा नेत्री प्रियंका जायसवाल की शिकायत पर यह कार्रवाई की गई है। प्रचार में बाधा डालने की आशंका जताने का आरोप रूपाली ने बताया कि वह अपनी मां रेखा जायसवाल के साथ रहती हैं। उनका अपने भाई और भाभी के साथ संपत्ति को लेकर विवाद चल रहा है। रूपाली के मुताबिक, भाजपा नेत्री प्रियंका जायसवाल की ओर से आरोप लगाया गया था कि मुख्यमंत्री के आगमन के दौरान रूपाली उनके प्रचार में बाधा डाल सकती हैं। इसी शिकायत के आधार पर पुलिस ने उन्हें घर में नजरबंद किया। हाउस अरेस्ट के आदेश और औचित्य पर उठाए सवाल रूपाली जायसवाल ने जिलाधिकारी को दिए ज्ञापन में सवाल उठाया कि उन्हें हाउस अरेस्ट करने का आदेश किसके स्तर से दिया गया था और यह कार्रवाई कितनी न्यायसंगत थी। उन्होंने पूरे मामले की जांच कराने की मांग की। रूपाली ने ज्ञापन के माध्यम से हाउस अरेस्ट की कार्रवाई के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने प्रशासन से मामले की जांच कराकर कार्रवाई किए जाने की अपील की है।

