मुजफ्फरपुर में अपने ढाई साल के बेटे को बिस्किट में जहर देकर मारने के आरोप में गिरफ्तार महिला आरती कुमारी बुधवार को एसकेएमसीएच से पुलिस को चकमा देकर फरार हो गई। आरोपी महिला आरती कुमारी पुलिस अभिरक्षा में इलाजरत थी। उसके फरार होने की सूचना मिलते ही पुलिस और अस्पताल प्रशासन में हड़कंप मच गया। एसकेएमसीएच ओपी और रामपुरहरि थाना पुलिस उसकी तलाश में जुट गई है। मामला रामपुरहरि थाना क्षेत्र के टेंगरांहा उत्तरी टोला का है। आरोप है कि आरती कुमारी ने 20 अगस्त को अपने ढाई वर्षीय बेटे आर्यन कुमार को बिस्किट में जहर देकर मौत के घाट उतार दिया था। मामले में पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। बताया गया कि आरती कुमारी करीब दो महीने की गर्भवती थी। चिकित्सीय जरूरत को देखते हुए जेल प्रशासन की ओर से उसे बेहतर इलाज के लिए एसकेएमसीएच के एमसीएच वार्ड में भर्ती कराया गया था। वहां उसका इलाज महिला पुलिसकर्मियों की अभिरक्षा में चल रहा था। सुरक्षाकर्मियों की नजर हटते ही फरार बुधवार को आरोपी आरती कुमारी इलाज के दौरान पुलिसकर्मियों को चकमा देकर अस्पताल से निकल गई। काफी देर बाद उसके फरार होने की जानकारी मिली। इसके बाद आनन-फानन में पुलिस अधिकारियों को सूचना दी गई और उसकी तलाश शुरू कर दी गई। आरती कुमारी के फरार होने के बाद पुलिस टीम एसकेएमसीएच परिसर के साथ ही बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और अन्य संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है। अस्पताल परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं, ताकि यह पता लगाया जा सके कि आरोपी महिला किस रास्ते से बाहर निकली और उसके बाद किस दिशा में गई। पुलिसकर्मियों की भूमिका की भी होगी जांच पुलिस अभिरक्षा में भर्ती एक आरोपी महिला के फरार होने के मामले को गंभीरता से लिया गया है। अभिरक्षा में तैनात महिला पुलिसकर्मियों की लापरवाही की भी जांच शुरू कर दी गई है। आखिर कड़ी सुरक्षा और पुलिस निगरानी के बावजूद आरोपी महिला अस्पताल से कैसे निकल गई, इसकी जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि आरोपी महिला की तलाश के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। साथ ही सीसीटीवी और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर उसके फरार होने के पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है। ‘बहू मेरे बेटे से झगड़ा करती थी’ बच्चे के पिता पंजाब में मजदूरी करते हैं। दादा कैलाश राम ने बताया कि सात साल पहले अखिलेश की शादी आरती कुमारी से हुई थी। उनके बीच अक्सर विवाद होता रहता था। बहू आरती बिना बताए मायके चली जाती थी। 15 दिन पहले मायके गई थी और बुधवार शाम को वापस लौटी थी। गुरुवार दोपहर जब मजदूरी करने घर से बाहर गए थे, तब उसने बिस्कुट में जहरीला पदार्थ मिलाकर अपने ढाई साल के बेटे आर्यन को खिला दिया। बच्चे की तबीयत बिगड़ने पर जब वह रोने लगी, तो आसपास के लोग पहुंचे। लेकिन तब तक आर्यन की मौत हो चुकी थी। मुजफ्फरपुर में अपने ढाई साल के बेटे को बिस्किट में जहर देकर मारने के आरोप में गिरफ्तार महिला आरती कुमारी बुधवार को एसकेएमसीएच से पुलिस को चकमा देकर फरार हो गई। आरोपी महिला आरती कुमारी पुलिस अभिरक्षा में इलाजरत थी। उसके फरार होने की सूचना मिलते ही पुलिस और अस्पताल प्रशासन में हड़कंप मच गया। एसकेएमसीएच ओपी और रामपुरहरि थाना पुलिस उसकी तलाश में जुट गई है। मामला रामपुरहरि थाना क्षेत्र के टेंगरांहा उत्तरी टोला का है। आरोप है कि आरती कुमारी ने 20 अगस्त को अपने ढाई वर्षीय बेटे आर्यन कुमार को बिस्किट में जहर देकर मौत के घाट उतार दिया था। मामले में पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। बताया गया कि आरती कुमारी करीब दो महीने की गर्भवती थी। चिकित्सीय जरूरत को देखते हुए जेल प्रशासन की ओर से उसे बेहतर इलाज के लिए एसकेएमसीएच के एमसीएच वार्ड में भर्ती कराया गया था। वहां उसका इलाज महिला पुलिसकर्मियों की अभिरक्षा में चल रहा था। सुरक्षाकर्मियों की नजर हटते ही फरार बुधवार को आरोपी आरती कुमारी इलाज के दौरान पुलिसकर्मियों को चकमा देकर अस्पताल से निकल गई। काफी देर बाद उसके फरार होने की जानकारी मिली। इसके बाद आनन-फानन में पुलिस अधिकारियों को सूचना दी गई और उसकी तलाश शुरू कर दी गई। आरती कुमारी के फरार होने के बाद पुलिस टीम एसकेएमसीएच परिसर के साथ ही बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और अन्य संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है। अस्पताल परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं, ताकि यह पता लगाया जा सके कि आरोपी महिला किस रास्ते से बाहर निकली और उसके बाद किस दिशा में गई। पुलिसकर्मियों की भूमिका की भी होगी जांच पुलिस अभिरक्षा में भर्ती एक आरोपी महिला के फरार होने के मामले को गंभीरता से लिया गया है। अभिरक्षा में तैनात महिला पुलिसकर्मियों की लापरवाही की भी जांच शुरू कर दी गई है। आखिर कड़ी सुरक्षा और पुलिस निगरानी के बावजूद आरोपी महिला अस्पताल से कैसे निकल गई, इसकी जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि आरोपी महिला की तलाश के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार कार्रवाई की जा रही है। साथ ही सीसीटीवी और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर उसके फरार होने के पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है। ‘बहू मेरे बेटे से झगड़ा करती थी’ बच्चे के पिता पंजाब में मजदूरी करते हैं। दादा कैलाश राम ने बताया कि सात साल पहले अखिलेश की शादी आरती कुमारी से हुई थी। उनके बीच अक्सर विवाद होता रहता था। बहू आरती बिना बताए मायके चली जाती थी। 15 दिन पहले मायके गई थी और बुधवार शाम को वापस लौटी थी। गुरुवार दोपहर जब मजदूरी करने घर से बाहर गए थे, तब उसने बिस्कुट में जहरीला पदार्थ मिलाकर अपने ढाई साल के बेटे आर्यन को खिला दिया। बच्चे की तबीयत बिगड़ने पर जब वह रोने लगी, तो आसपास के लोग पहुंचे। लेकिन तब तक आर्यन की मौत हो चुकी थी।

