बिहार राज्य खेल सम्मान समारोह का आयोजन इस साल 3 दिसंबर को अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस के अवसर पर किया जाएगा। समारोह में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन करने वाले राज्य के खिलाड़ियों, खासकर पैरा खिलाड़ियों को सम्मान राशि और सर्टिफिकेट देकर सम्मानित किया जाएगा। 29 अगस्त को राष्ट्रीय खेल दिवस की जगह इस बार राज्य के पैरा खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से समारोह की तारीख बदलकर 3 दिसंबर की गई है। पैरा खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए बदली तारीख बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक रवीन्द्रण शंकरण ने बताया कि हर साल 29 अगस्त को राष्ट्रीय खेल दिवस के मौके पर राज्य खेल सम्मान समारोह आयोजित किया जाता है। इसमें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पदक विजेता खिलाड़ियों को सम्मानित किया जाता है। उन्होंने कहा, ‘बिहार के दिव्यांग खिलाड़ी लगातार राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन कर राज्य का नाम रोशन कर रहे हैं।’ उन्होंने कॉमनवेल्थ गेम्स में पदक जीतने वाले बिहार के पैरा खिलाड़ी झंडु कुमार का उदाहरण देते हुए कहा, ‘पैरा खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने और उन्हें प्रोत्साहित करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।’ 2 अक्टूबर से शुरू होगा ‘मशाल 2.0’ बिहार में खेल प्रतिभाओं की पहचान के लिए आयोजित होने वाली ‘मशाल 2.0’ का शुभारंभ 2 अक्टूबर को गांधी जयंती के अवसर पर किया जाएगा। इसके बाद 3 अक्टूबर से स्कूल स्तर की प्रतियोगिताएं जिलावार शुरू होंगी। पिछले वर्ष ‘मशाल’ के सफल आयोजन में चयनित 263 खिलाड़ियों को खेल छात्रवृत्ति की प्रेरणा योजना के तहत सालाना 3 लाख रुपये की छात्रवृत्ति के लिए चुना गया था। दिसंबर तक स्कूल स्तर पर होंगी प्रतियोगिताएं खेल विभाग, शिक्षा विभाग और बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के संयुक्त तत्वावधान में ‘मशाल 2.0’ का आयोजन होगा। अक्टूबर से दिसंबर तक राज्य के सभी मध्य और उच्च सरकारी विद्यालयों में बालक-बालिका दोनों वर्गों की प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। इसके बाद जनवरी में संकुल और प्रखंड स्तर, जबकि फरवरी में जिला और राज्य स्तर की प्रतियोगिताएं होंगी। पांच खेलों में होगा प्रतिभा चयन ‘मशाल 2.0’ के तहत एथलेटिक्स, फुटबॉल, वॉलीबॉल, साइक्लिंग और कबड्डी में प्रतियोगिताएं होंगी। इसमें अंडर-14 और अंडर-16 आयु वर्ग के बालक-बालिकाएं हिस्सा ले सकेंगे। खेल प्राधिकरण की ओर से प्रतियोगिता से जुड़ी विस्तृत जानकारी और कार्यक्रम समय-समय पर जारी किए जाएंगे। बिहार राज्य खेल सम्मान समारोह का आयोजन इस साल 3 दिसंबर को अंतरराष्ट्रीय दिव्यांग दिवस के अवसर पर किया जाएगा। समारोह में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन करने वाले राज्य के खिलाड़ियों, खासकर पैरा खिलाड़ियों को सम्मान राशि और सर्टिफिकेट देकर सम्मानित किया जाएगा। 29 अगस्त को राष्ट्रीय खेल दिवस की जगह इस बार राज्य के पैरा खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से समारोह की तारीख बदलकर 3 दिसंबर की गई है। पैरा खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए बदली तारीख बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक रवीन्द्रण शंकरण ने बताया कि हर साल 29 अगस्त को राष्ट्रीय खेल दिवस के मौके पर राज्य खेल सम्मान समारोह आयोजित किया जाता है। इसमें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पदक विजेता खिलाड़ियों को सम्मानित किया जाता है। उन्होंने कहा, ‘बिहार के दिव्यांग खिलाड़ी लगातार राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन कर राज्य का नाम रोशन कर रहे हैं।’ उन्होंने कॉमनवेल्थ गेम्स में पदक जीतने वाले बिहार के पैरा खिलाड़ी झंडु कुमार का उदाहरण देते हुए कहा, ‘पैरा खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने और उन्हें प्रोत्साहित करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।’ 2 अक्टूबर से शुरू होगा ‘मशाल 2.0’ बिहार में खेल प्रतिभाओं की पहचान के लिए आयोजित होने वाली ‘मशाल 2.0’ का शुभारंभ 2 अक्टूबर को गांधी जयंती के अवसर पर किया जाएगा। इसके बाद 3 अक्टूबर से स्कूल स्तर की प्रतियोगिताएं जिलावार शुरू होंगी। पिछले वर्ष ‘मशाल’ के सफल आयोजन में चयनित 263 खिलाड़ियों को खेल छात्रवृत्ति की प्रेरणा योजना के तहत सालाना 3 लाख रुपये की छात्रवृत्ति के लिए चुना गया था। दिसंबर तक स्कूल स्तर पर होंगी प्रतियोगिताएं खेल विभाग, शिक्षा विभाग और बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के संयुक्त तत्वावधान में ‘मशाल 2.0’ का आयोजन होगा। अक्टूबर से दिसंबर तक राज्य के सभी मध्य और उच्च सरकारी विद्यालयों में बालक-बालिका दोनों वर्गों की प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। इसके बाद जनवरी में संकुल और प्रखंड स्तर, जबकि फरवरी में जिला और राज्य स्तर की प्रतियोगिताएं होंगी। पांच खेलों में होगा प्रतिभा चयन ‘मशाल 2.0’ के तहत एथलेटिक्स, फुटबॉल, वॉलीबॉल, साइक्लिंग और कबड्डी में प्रतियोगिताएं होंगी। इसमें अंडर-14 और अंडर-16 आयु वर्ग के बालक-बालिकाएं हिस्सा ले सकेंगे। खेल प्राधिकरण की ओर से प्रतियोगिता से जुड़ी विस्तृत जानकारी और कार्यक्रम समय-समय पर जारी किए जाएंगे।

