नेपाल बाढ़ में पत्नी संग फंसे परिणीता एक्टर खराज मुखर्जी:शूटिंग के लिए गए थे, बंगाली एक्ट्रेस भी फंसी; एक्टर अंकुर रतन बाल-बाल बचे

नेपाल बाढ़ में पत्नी संग फंसे परिणीता एक्टर खराज मुखर्जी:शूटिंग के लिए गए थे, बंगाली एक्ट्रेस भी फंसी; एक्टर अंकुर रतन बाल-बाल बचे

नेपाल में आई भीषण बाढ़ के बाद अब तक 332 शव बरामद किए जा चुके हैं। बॉलीवुड फिल्म परिणीता और कहानी में नजर आ चुके पॉपुलर बंगाली एक्टर खराज मुखर्जी और उनकी पत्नी प्रतिभा मुखर्जी भी नेपाल बाढ़ में फंसे हैं। वह एक फिल्म की शूटिंग के लिए नेपाल गए थे। खराज मुखर्जी लगातार परिवार के संपर्क में थे, फिर बाढ़ के बाद अचानक उनका नंबर बंद हो गया। उनके साथ शूटिंग यूनिट के कई और साथी भी थे। हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट में एक्टर के परिवार के सदस्य के अनुसार लिखा गया है, खराज और उनकी पत्नी अब सुरक्षित हैं, हालांकि आसपास की स्थिति बिगड़ी हुई है। वह नेपाल से नहीं निकल पा रहे हैं। खराज के साथ एक्टर रजताभ दत्ता भी फंसे हुए हैं। काठमांडू में मौजूदा हालात के कारण उनका ग्रुप वहां से उड़ान नहीं भर सका। अब उनकी योजना सड़क मार्ग से उत्तर प्रदेश के गोरखपुर पहुंचने की है। इसके बाद वे गोरखपुर से कोलकाता के लिए फ्लाइट लेंगे। कौन हैं खराज मुखर्जी? बंगाली एक्ट्रेस भी बाढ़ में फंसी नेपाल में आई भीषण बाढ़ और भूस्खलन के बीच बांग्लादेशी अभिनेत्री अपु बिस्वास फंस गई हैं। वह एक फिल्म की शूटिंग के लिए नेपाल में थीं। उन्होंने बताया कि वह फिलहाल पोखरा में सुरक्षित हैं और ढाका लौटने की तैयारी कर रही हैं। एक्टर अंकुर रतन बाढ़ से बाल-बाल बचे एक्टर अंकुर रतन नेपाल की बाढ़ से बाल-बाल बचने के बाद भी यकीन नहीं कर पा रहे हैं। कई वेब सीरीज और ‘माई’ जैसी फिल्मों में काम कर चुके रतन बुधवार को आई बाढ़ से एक दिन पहले नेपाल के रसुवा जिले में थे। बुधवार को यहां आई भयानक बाढ़ में कई लोगों की मौत हुई, जबकि 500 से ज्यादा लोग लापता हैं। अंकुर रतन 22 अगस्त को काठमांडू पहुंचे थे। वे महाराष्ट्र के रजिस्टर्ड क्लब SAAD माउंटेनियर्स के ग्रुप के साथ कैलाश मानसरोवर यात्रा पर हैं। उनके साथ उनकी पत्नी शिल्पा सुचक और उनकी कजिन सोनाली कपाड़िया भी यात्रा पर हैं। रतन ने कहा कि वे तीनों बाढ़ वाली जगह से 12 से 16 घंटे पहले वहां से गुजर चुके थे। अंकुर रतन ने गुरुवार को द इंडियन एक्सप्रेस से कहा, “हम सभी कैलाश मानसरोवर यात्रा को लेकर बहुत उत्साहित थे। सिर्फ एक दिन पहले मेरी पत्नी, एक कजिन और मैं वहां तस्वीरें ले रहे थे।” SAAD माउंटेनियर्स के संस्थापक सदस्य राजन देशमुख ने कहा, “सिर्फ 18 घंटे पहले हम इसी जगह पर थे। क्या नसीब है अपना।” SAAD ग्रुप के सदस्य पुणे के एडवोकेट सुरेंद्र दातार और सोनल दातार ने भी कहा कि वे इस बात पर यकीन नहीं कर पा रहे हैं कि हादसे से सिर्फ 7 से 8 घंटे पहले वे उसी जगह पर थे। 332 शव बरामद, कई लोगों से संपर्क टूटा नेपाल में बुधवार को आई भीषण बाढ़ के बाद अब तक 332 शव बरामद किए जा चुके हैं। सबसे ज्यादा 121 शव चितवन जिले से बरामद हुए हैं। बड़ी संख्या में डेड-बॉडी मिलने से उन्हें सुरक्षित रखने के लिए जगह कम पड़ रही है। चितवन की मॉर्चुरी (शवगृह) में सिर्फ 50 डेड-बॉडी रखने की सुविधा है। बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत-बचाव और लापता लोगों की तलाश जारी है। करीब 1,500 लोगों की तलाश की जा रही है। भारत के 288 नागरिकों से अभी संपर्क नहीं हो पाया है। इनमें त्रिशूली-1 पावर प्रोजेक्ट में काम करने वाले 73 भारतीय भी शामिल हैं। बाढ़ में फंसे 21 भारतीयों को बचाया गया है, जिनमें से 11 की पहचान हो चुकी है। नेपाल में सेना, पुलिस और सशस्त्र पुलिस बल की टीमें लापता लोगों की तलाश में जुटी हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *