पाकुड़ जिले में शुक्रवार को जन्माष्टमी का पर्व पूरे उल्लास के साथ मनाया गया। इस दौरान लोगों में खास भक्ति भाव देखने को मिली। सुबह से ही शहर के बाजारों में काफी रौनक थी। प्रखंड क्षेत्र के बाजारों में भी लोग फल और पूजा सामग्री खरीदते दिखे। शहर के इस्कॉन मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना की गई। यहां बड़ी संख्या में भक्तों की भीड़ उमड़ी। सुबह मंगल आरती हुई, जिसमें कई भक्त शामिल हुए। मंदिर के पुरोहित ने भगवान की पूजा-अर्चना की। इसके बाद कई अनुष्ठान भी संपन्न कराए गए। शाम के समय मंदिर के पास सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें बच्चों और स्थानीय कलाकारों ने भक्ति गीत और नृत्य पेश किए, जिससे लोग झूम उठे। जिला मुख्यालय के ठाकुरबारी मंदिर, राधे कृष्ण मंदिर और मनोकामना मंदिर समेत कई मंदिरों में भी भक्तों की भारी भीड़ देखी गई। जिले के सभी प्रखंड मुख्यालयों और ग्रामीण क्षेत्रों के कृष्ण मंदिरों को भी जन्माष्टमी के लिए आकर्षक ढंग से सजाया गया था। कई मंदिरों में भजन-कीर्तन का भी आयोजन हुआ। कृष्ण जन्माष्टमी को लेकर प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे। विभिन्न थाना क्षेत्रों के कृष्ण मंदिरों में पुलिस अधिकारी और जवान गश्त करते दिखे। शाम के समय भी मंदिरों में काफी भीड़ थी। लोग मंदिर पहुंचकर संध्या आरती में हिस्सा लेकर भगवान की पूजा-अर्चना करते दिखे। कई मंदिरों में आकर्षक बिजली की सजावट भी की गई थी। पाकुड़ जिले में शुक्रवार को जन्माष्टमी का पर्व पूरे उल्लास के साथ मनाया गया। इस दौरान लोगों में खास भक्ति भाव देखने को मिली। सुबह से ही शहर के बाजारों में काफी रौनक थी। प्रखंड क्षेत्र के बाजारों में भी लोग फल और पूजा सामग्री खरीदते दिखे। शहर के इस्कॉन मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना की गई। यहां बड़ी संख्या में भक्तों की भीड़ उमड़ी। सुबह मंगल आरती हुई, जिसमें कई भक्त शामिल हुए। मंदिर के पुरोहित ने भगवान की पूजा-अर्चना की। इसके बाद कई अनुष्ठान भी संपन्न कराए गए। शाम के समय मंदिर के पास सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें बच्चों और स्थानीय कलाकारों ने भक्ति गीत और नृत्य पेश किए, जिससे लोग झूम उठे। जिला मुख्यालय के ठाकुरबारी मंदिर, राधे कृष्ण मंदिर और मनोकामना मंदिर समेत कई मंदिरों में भी भक्तों की भारी भीड़ देखी गई। जिले के सभी प्रखंड मुख्यालयों और ग्रामीण क्षेत्रों के कृष्ण मंदिरों को भी जन्माष्टमी के लिए आकर्षक ढंग से सजाया गया था। कई मंदिरों में भजन-कीर्तन का भी आयोजन हुआ। कृष्ण जन्माष्टमी को लेकर प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे। विभिन्न थाना क्षेत्रों के कृष्ण मंदिरों में पुलिस अधिकारी और जवान गश्त करते दिखे। शाम के समय भी मंदिरों में काफी भीड़ थी। लोग मंदिर पहुंचकर संध्या आरती में हिस्सा लेकर भगवान की पूजा-अर्चना करते दिखे। कई मंदिरों में आकर्षक बिजली की सजावट भी की गई थी।

