Damoh News : मध्य प्रदेश के दमोह जिले के अंतर्गत आने वाली जबेरा तहसील के ग्राम पुरेनहाऊ और सुरई के नाले में पिछले कुछ दिनों से मगरमच्छों की मौजूदगी के कारण ग्रामीणों में भारी दहशत का माहौल है। बताया जा रहा है कि, पुरेनहाऊ ग्राम के पास स्थित तालाब में पिछले एक हफ्ते से भी अधिक समय से एक विशालकाय मगरमच्छ डेरा डाले हुए है। स्थानीय ग्रामीणों द्वारा इसकी सूचना लगातार फॉरेस्ट टीम को दी जा रही है, लेकिन मगरमच्छ अत्यधिक बड़ा होने के कारण वो बार-बार चकमा दे रहा है और वन विभाग की टीम को अब तक उसे रेस्क्यू करने में सफलता नहीं मिल सकी है।
इसी बीच आज वो मगरमच्छ तालाब से बाहर निकलकर पास के ही एक खेत में बैठा हुआ दिखाई दिया, जिसके चलते आसपास के खेतों में काम करने वाले किसानों और ग्रामीणों में हड़कंप मच गया।
सुरई नाले से मगरमच्छ का सफल रेस्क्यू
दूसरी तरफ सुरई गांव के पास स्थित नाले में भी एक अन्य मगरमच्छ होने की पुख्ता सूचना मिली। खबर मिलते ही सर्प मित्र छोटू पटेल और सूरज रैकवार तुरंत मौके पर पहुंचे। टीम ने स्थानीय स्थिति का जायजा लिया और कड़ी मशक्कत और सूझबूझ के बाद नाले में मौजूद मगरमच्छ को सफलतापूर्वक अपने जाल में कैद कर लिया। छोटू पटेल और सूरज रैकवार ने इस सफल रेस्क्यू को अंजाम देते हुए मगरमच्छ को पकड़कर वन विभाग की टीम को सुरक्षित सुपुर्द कर दिया है।
रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटी वन विभाग की टीम
तेजगढ़ रेंजर अखिलेश चौरसिया के कुशल निर्देशन में वन विभाग की टीम लगातार सक्रिय है। पुरेनहाऊ तालाब में मौजूद दूसरे विशालकाय मगरमच्छ को पकड़ने के लिए चंद्र नारायण चौबे, विनोद कुमार साहू और झलकन साहू सहित पूरी फॉरेस्ट टीम रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटी हुई है। हालांकि, मगरमच्छ काफी बड़ा होने के कारण बार-बार जाल से बचकर निकल रहा है, लेकिन टीम उसे सुरक्षित पकड़ने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। वन विभाग ने ग्रामीणों को तालाब और प्रभावित नालों के पास न जाने की सख्त हिदायत दी है।

