दक्षिणी नैनीजोर पंचायत में जर्जर बिजली तार और खंभों को बदलने की मांग को लेकर ग्रामीणों का अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन शनिवार को तीसरे दिन भी जारी रहा। धरना स्थल पर पहुंचे पूर्व विधायक डॉ. स्वामीनाथ तिवारी ने ग्रामीणों की मांग का समर्थन करते हुए कहा कि वर्तमान समय में बिजली जीवन की बुनियादी जरूरत बन चुकी है। पानी से लेकर खाना पकाने, सोने, उठने-बैठने और रोजमर्रा के हर जरूरी काम में बिजली की महत्वपूर्ण भूमिका है। ऐसे में वर्षों से जर्जर तार और खंभों के सहारे बिजली आपूर्ति करना लोगों की जान को खतरे में डालने के समान है। उन्होंने कहा कि जर्जर तार और पोल कभी भी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकते हैं। ग्रामीणों की समस्या का स्थायी समाधान होने तक यह धरना अनवरत और अनिश्चितकालीन जारी रहेगा। उन्होंने विभाग से तत्काल जर्जर तार और खंभे बदलने की मांग की। इधर, धरना प्रदर्शन के बीच बिजली विभाग के एसडीओ अर्जुन वर्मा ने बताया कि जर्जर तारों और पोल को बदलने की प्रक्रिया शनिवार शाम से शुरू कर दी जाएगी। विभाग की ओर से रविवार दोपहर तक कार्य पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। विभाग के इस आश्वासन के बाद ग्रामीणों में समस्या के समाधान की उम्मीद जगी है। धरना स्थल पर मुखिया गौरीशंकर तिवारी, कमलानंद तिवारी, डॉ. हरे राम तिवारी, बड़क पांडेय, राजकिशोर तिवारी, प्रदीप कुमार अभय कुमार पाण्डेय नागा तिवारी, अरविंद उपाध्याय आदि थे। दक्षिणी नैनीजोर पंचायत में जर्जर बिजली तार और खंभों को बदलने की मांग को लेकर ग्रामीणों का अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन शनिवार को तीसरे दिन भी जारी रहा। धरना स्थल पर पहुंचे पूर्व विधायक डॉ. स्वामीनाथ तिवारी ने ग्रामीणों की मांग का समर्थन करते हुए कहा कि वर्तमान समय में बिजली जीवन की बुनियादी जरूरत बन चुकी है। पानी से लेकर खाना पकाने, सोने, उठने-बैठने और रोजमर्रा के हर जरूरी काम में बिजली की महत्वपूर्ण भूमिका है। ऐसे में वर्षों से जर्जर तार और खंभों के सहारे बिजली आपूर्ति करना लोगों की जान को खतरे में डालने के समान है। उन्होंने कहा कि जर्जर तार और पोल कभी भी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकते हैं। ग्रामीणों की समस्या का स्थायी समाधान होने तक यह धरना अनवरत और अनिश्चितकालीन जारी रहेगा। उन्होंने विभाग से तत्काल जर्जर तार और खंभे बदलने की मांग की। इधर, धरना प्रदर्शन के बीच बिजली विभाग के एसडीओ अर्जुन वर्मा ने बताया कि जर्जर तारों और पोल को बदलने की प्रक्रिया शनिवार शाम से शुरू कर दी जाएगी। विभाग की ओर से रविवार दोपहर तक कार्य पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। विभाग के इस आश्वासन के बाद ग्रामीणों में समस्या के समाधान की उम्मीद जगी है। धरना स्थल पर मुखिया गौरीशंकर तिवारी, कमलानंद तिवारी, डॉ. हरे राम तिवारी, बड़क पांडेय, राजकिशोर तिवारी, प्रदीप कुमार अभय कुमार पाण्डेय नागा तिवारी, अरविंद उपाध्याय आदि थे।

