जमुई में राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर शनिवार को जिलेभर में खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। जिला पदाधिकारी के निर्देश पर विभिन्न खेल संगठनों के सहयोग से क्रिकेट, फुटबॉल, कबड्डी, ताइक्वांडो और कराटे सहित कई खेलों में खिलाड़ियों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। मुख्य समारोह का आयोजन स्थानीय खेल भवन परिसर में जिला खेल पदाधिकारी परिमल के नेतृत्व में हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम’ के सामूहिक गायन से हुई। इसके उपरांत हॉकी के महान खिलाड़ी मेजर ध्यानचंद के तैलचित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। कॉम्पटीशन में प्लेयर्स ने दिखाया अपना टैलेंट इस अवसर पर खैरा उच्च विद्यालय के प्रधानाचार्य, शिक्षकगण, खैरा पंचायत के मुखिया, स्थानीय जनप्रतिनिधि, खेल प्रेमी और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। वक्ताओं ने खेलों को शारीरिक स्वास्थ्य के साथ-साथ अनुशासन, टीम भावना और नेतृत्व क्षमता विकसित करने का महत्वपूर्ण माध्यम बताया। श्रद्धांजलि कार्यक्रम के बाद परिसर में विभिन्न खेल प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। खिलाड़ियों ने इन प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए अपनी खेल प्रतिभा का परिचय दिया। इस दौरान खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों में विशेष उत्साह देखा गया। युवाओं को आगे बढ़ने का अवसर देते हैं ऐसे आयोजन इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य जिले में खेल संस्कृति को बढ़ावा देना और युवाओं की ऊर्जा को खेलों के माध्यम से सकारात्मक दिशा देना था। इसके अतिरिक्त, ग्रामीण और स्थानीय स्तर पर उभरती खेल प्रतिभाओं को बेहतर मंच प्रदान करने पर भी जोर दिया गया। खिलाड़ियों ने राज्य सरकार की खेल प्रोत्साहन नीतियों की सराहना की और कहा कि ऐसे आयोजन युवाओं को आगे बढ़ने का अवसर देते हैं। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि जिले की प्रतिभाओं को पहचानकर उन्हें उचित प्रशिक्षण और मंच उपलब्ध कराने के प्रयास जारी रहेंगे। जमुई में राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर शनिवार को जिलेभर में खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। जिला पदाधिकारी के निर्देश पर विभिन्न खेल संगठनों के सहयोग से क्रिकेट, फुटबॉल, कबड्डी, ताइक्वांडो और कराटे सहित कई खेलों में खिलाड़ियों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। मुख्य समारोह का आयोजन स्थानीय खेल भवन परिसर में जिला खेल पदाधिकारी परिमल के नेतृत्व में हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम’ के सामूहिक गायन से हुई। इसके उपरांत हॉकी के महान खिलाड़ी मेजर ध्यानचंद के तैलचित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। कॉम्पटीशन में प्लेयर्स ने दिखाया अपना टैलेंट इस अवसर पर खैरा उच्च विद्यालय के प्रधानाचार्य, शिक्षकगण, खैरा पंचायत के मुखिया, स्थानीय जनप्रतिनिधि, खेल प्रेमी और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। वक्ताओं ने खेलों को शारीरिक स्वास्थ्य के साथ-साथ अनुशासन, टीम भावना और नेतृत्व क्षमता विकसित करने का महत्वपूर्ण माध्यम बताया। श्रद्धांजलि कार्यक्रम के बाद परिसर में विभिन्न खेल प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। खिलाड़ियों ने इन प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए अपनी खेल प्रतिभा का परिचय दिया। इस दौरान खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों में विशेष उत्साह देखा गया। युवाओं को आगे बढ़ने का अवसर देते हैं ऐसे आयोजन इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य जिले में खेल संस्कृति को बढ़ावा देना और युवाओं की ऊर्जा को खेलों के माध्यम से सकारात्मक दिशा देना था। इसके अतिरिक्त, ग्रामीण और स्थानीय स्तर पर उभरती खेल प्रतिभाओं को बेहतर मंच प्रदान करने पर भी जोर दिया गया। खिलाड़ियों ने राज्य सरकार की खेल प्रोत्साहन नीतियों की सराहना की और कहा कि ऐसे आयोजन युवाओं को आगे बढ़ने का अवसर देते हैं। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि जिले की प्रतिभाओं को पहचानकर उन्हें उचित प्रशिक्षण और मंच उपलब्ध कराने के प्रयास जारी रहेंगे।

