सुनील छेत्री बोले-ब्राजील-उरुग्वे से खेलने पर थोड़ी जलन होती है:20 साल में मुझे ऐसा मौका नहीं मिला; 3 अक्टूबर को भारत का मुकाबला

सुनील छेत्री बोले-ब्राजील-उरुग्वे से खेलने पर थोड़ी जलन होती है:20 साल में मुझे ऐसा मौका नहीं मिला; 3 अक्टूबर को भारत का मुकाबला

पूर्व भारतीय कप्तान सुनील छेत्री ने ब्राजील और उरुग्वे के खिलाफ भारत के मुकाबलों पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि मौजूदा टीम को इन बड़ी टीमों के खिलाफ खेलते देखकर उन्हें थोड़ी जलन होती है। शनिवार को छेत्री ने ऑल इंडिया फुटबॉल फेडरेशन (AIFF) के हवाले से कहा कि करीब 20 साल के इंटरनेशनल करियर में उन्हें ब्राजील जैसी टीम के खिलाफ खेलने का मौका नहीं मिला। भारत और ब्राजील के बीच फ्रेंडली मैच 3 अक्टूबर को कोलकाता के साल्ट लेक स्टेडियम में खेला जाएगा। इसके बाद 6 अक्टूबर को इसी मैदान पर उरुग्वे से मुकाबला होगा। वहीं, सितंबर में भारत का पनामा से भी खेलने का कार्यक्रम है। हालांकि, इसकी तारीख अभी तय नहीं हुई है। वापसी के सवाल पर बोले- अब ठीक से दौड़ भी नहीं पाता जब छेत्री से पूछा गया कि क्या वे भविष्य में फिर भारत की जर्सी में नजर आ सकते हैं, तो उन्होंने मजाकिया अंदाज में जवाब दिया। उन्होंने कहा, मैं करीब 42 साल का हूं। अब ठीक से दौड़ भी नहीं पाता और संघर्ष कर रहा हूं। ब्राजील ढाका में कैंप लगाएगी मैच से पहले ब्राजील की टीम के ढाका में ट्रेनिंग कैंप लगाने की संभावना है। ब्राजील फुटबॉल कन्फेडरेशन का पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल 23 अगस्त को ढाका का दौरा कर चुका है। उसने नेशनल स्टेडियम और बशुंधरा किंग्स एरिना समेत कई जगहों का निरीक्षण किया। बांग्लादेश फुटबॉल फेडरेशन के मुताबिक, ब्राजील के प्रतिनिधियों को वहां की पिच ठीक लगी। हालांकि, ड्रेसिंग रूम और सुरक्षा व्यवस्था में कुछ सुधार की जरूरत बताई गई है। केप वर्डे से भी मैच की तैयारी अक्टूबर की विंडो में भारत का एक और मुकाबला हो सकता है। AIFF केप वर्डे के खिलाफ फ्रेंडली कराने के लिए बातचीत कर रहा है। यह मैच कोलकाता या कोच्चि के जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में खेला जा सकता है। हालांकि, मुकाबले की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। केप वर्डे ने 2026 फुटबॉल वर्ल्ड कप में पहली बार हिस्सा लिया था। टीम ग्रुप स्टेज से आगे बढ़ी और राउंड ऑफ-32 में अर्जेंटीना से 3-2 से हारकर बाहर हुई। ब्राजील के कारण एशियन कप से हटना पड़ा भारत को जून में होने वाले पहले FIFA एशियन कप में खेलने का न्योता मिला था। टूर्नामेंट में भारत को मेजबान इंडोनेशिया, सिंगापुर और मलेशिया के साथ ग्रुप में रखा गया था। इसके बाद AIFF ने ब्राजील के खिलाफ मुकाबले का ऐलान किया। दोनों प्रतियोगिताओं के शेड्यूल में टकराव के कारण भारत ने ASEAN Cup से हटने का फैसला किया। सुनील छेत्री, भारतीय फुटबॉल के ‘कैप्टन फैंटास्टिक’ सुनील छेत्री भारतीय फुटबॉल के सबसे बड़े खिलाड़ियों में गिने जाते हैं। 3 अगस्त 1984 को सिकंदराबाद में जन्मे छेत्री ने 2002 में मोहन बागान से अपने क्लब करियर की शुरुआत की। इसके बाद वे जेसीटी, स्पोर्टिंग सीपी की रिजर्व टीम और मेजर लीग सॉकर की कैनसस सिटी विजर्ड्स के लिए भी खेले। बाद में बेंगलुरु FC से जुड़कर वे क्लब के सबसे अहम खिलाड़ियों में शामिल हुए और कई घरेलू खिताब जीते। पाकिस्तान के खिलाफ डेब्यू किया छेत्री ने 12 जून 2005 को पाकिस्तान के खिलाफ भारत के लिए इंटरनेशनल डेब्यू किया और उसी मैच में अपना पहला गोल किया। उनकी कप्तानी में भारत ने SAFF चैंपियनशिप, नेहरू कप और 2008 AFC चैलेंज कप जैसे खिताब जीते। उनके शानदार प्रदर्शन और नेतृत्व के कारण उन्हें ‘कैप्टन फैंटास्टिक’ के नाम से भी जाना जाता है। छेत्री के 157 इंटरनेशनल मैचों में 95 गोल सुनील छेत्री ने भारत के लिए 157 इंटरनेशनल मैचों में 95 गोल किए हैं। इस प्रदर्शन के साथ वे इंटरनेशनल पुरुष फुटबॉल के इतिहास में चौथे सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ी हैं।
2011 में अर्जुन अवॉर्ड जीता छेत्री को 2011 में अर्जुन अवॉर्ड, 2019 में पद्मश्री और 2021 में मेजर ध्यानचंद खेल रत्न से सम्मानित किया गया। FIFA ने 2022 में उनके करियर और भारतीय फुटबॉल पर प्रभाव पर ‘कैप्टन फैंटास्टिक’ नाम से डॉक्यूमेंट्री भी बनाई। पूर्व भारतीय कप्तान सुनील छेत्री ने ब्राजील और उरुग्वे के खिलाफ भारत के मुकाबलों पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि मौजूदा टीम को इन बड़ी टीमों के खिलाफ खेलते देखकर उन्हें थोड़ी जलन होती है। शनिवार को छेत्री ने ऑल इंडिया फुटबॉल फेडरेशन (AIFF) के हवाले से कहा कि करीब 20 साल के इंटरनेशनल करियर में उन्हें ब्राजील जैसी टीम के खिलाफ खेलने का मौका नहीं मिला। भारत और ब्राजील के बीच फ्रेंडली मैच 3 अक्टूबर को कोलकाता के साल्ट लेक स्टेडियम में खेला जाएगा। इसके बाद 6 अक्टूबर को इसी मैदान पर उरुग्वे से मुकाबला होगा। वहीं, सितंबर में भारत का पनामा से भी खेलने का कार्यक्रम है। हालांकि, इसकी तारीख अभी तय नहीं हुई है। वापसी के सवाल पर बोले- अब ठीक से दौड़ भी नहीं पाता जब छेत्री से पूछा गया कि क्या वे भविष्य में फिर भारत की जर्सी में नजर आ सकते हैं, तो उन्होंने मजाकिया अंदाज में जवाब दिया। उन्होंने कहा, मैं करीब 42 साल का हूं। अब ठीक से दौड़ भी नहीं पाता और संघर्ष कर रहा हूं। ब्राजील ढाका में कैंप लगाएगी मैच से पहले ब्राजील की टीम के ढाका में ट्रेनिंग कैंप लगाने की संभावना है। ब्राजील फुटबॉल कन्फेडरेशन का पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल 23 अगस्त को ढाका का दौरा कर चुका है। उसने नेशनल स्टेडियम और बशुंधरा किंग्स एरिना समेत कई जगहों का निरीक्षण किया। बांग्लादेश फुटबॉल फेडरेशन के मुताबिक, ब्राजील के प्रतिनिधियों को वहां की पिच ठीक लगी। हालांकि, ड्रेसिंग रूम और सुरक्षा व्यवस्था में कुछ सुधार की जरूरत बताई गई है। केप वर्डे से भी मैच की तैयारी अक्टूबर की विंडो में भारत का एक और मुकाबला हो सकता है। AIFF केप वर्डे के खिलाफ फ्रेंडली कराने के लिए बातचीत कर रहा है। यह मैच कोलकाता या कोच्चि के जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में खेला जा सकता है। हालांकि, मुकाबले की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। केप वर्डे ने 2026 फुटबॉल वर्ल्ड कप में पहली बार हिस्सा लिया था। टीम ग्रुप स्टेज से आगे बढ़ी और राउंड ऑफ-32 में अर्जेंटीना से 3-2 से हारकर बाहर हुई। ब्राजील के कारण एशियन कप से हटना पड़ा भारत को जून में होने वाले पहले FIFA एशियन कप में खेलने का न्योता मिला था। टूर्नामेंट में भारत को मेजबान इंडोनेशिया, सिंगापुर और मलेशिया के साथ ग्रुप में रखा गया था। इसके बाद AIFF ने ब्राजील के खिलाफ मुकाबले का ऐलान किया। दोनों प्रतियोगिताओं के शेड्यूल में टकराव के कारण भारत ने ASEAN Cup से हटने का फैसला किया। सुनील छेत्री, भारतीय फुटबॉल के ‘कैप्टन फैंटास्टिक’ सुनील छेत्री भारतीय फुटबॉल के सबसे बड़े खिलाड़ियों में गिने जाते हैं। 3 अगस्त 1984 को सिकंदराबाद में जन्मे छेत्री ने 2002 में मोहन बागान से अपने क्लब करियर की शुरुआत की। इसके बाद वे जेसीटी, स्पोर्टिंग सीपी की रिजर्व टीम और मेजर लीग सॉकर की कैनसस सिटी विजर्ड्स के लिए भी खेले। बाद में बेंगलुरु FC से जुड़कर वे क्लब के सबसे अहम खिलाड़ियों में शामिल हुए और कई घरेलू खिताब जीते। पाकिस्तान के खिलाफ डेब्यू किया छेत्री ने 12 जून 2005 को पाकिस्तान के खिलाफ भारत के लिए इंटरनेशनल डेब्यू किया और उसी मैच में अपना पहला गोल किया। उनकी कप्तानी में भारत ने SAFF चैंपियनशिप, नेहरू कप और 2008 AFC चैलेंज कप जैसे खिताब जीते। उनके शानदार प्रदर्शन और नेतृत्व के कारण उन्हें ‘कैप्टन फैंटास्टिक’ के नाम से भी जाना जाता है। छेत्री के 157 इंटरनेशनल मैचों में 95 गोल सुनील छेत्री ने भारत के लिए 157 इंटरनेशनल मैचों में 95 गोल किए हैं। इस प्रदर्शन के साथ वे इंटरनेशनल पुरुष फुटबॉल के इतिहास में चौथे सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ी हैं।
2011 में अर्जुन अवॉर्ड जीता छेत्री को 2011 में अर्जुन अवॉर्ड, 2019 में पद्मश्री और 2021 में मेजर ध्यानचंद खेल रत्न से सम्मानित किया गया। FIFA ने 2022 में उनके करियर और भारतीय फुटबॉल पर प्रभाव पर ‘कैप्टन फैंटास्टिक’ नाम से डॉक्यूमेंट्री भी बनाई।

​स्पोर्ट्स | दैनिक भास्कर

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