भास्कर न्यूज | खगड़िया प्रखंड के शेखपुरा गांव में मध्य विद्यालय शेखपुरा के वर्ग चार, पांच और छह के समर कैंप के तहत आयोजित पठन-पाठन कार्यक्रम में नशा मुक्त भारत के संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रेम कुमार यशवंत ने छात्रों को गर्मी की छुट्टियों का सदुपयोग करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें और इस समय का उपयोग अपने पाठ्यक्रम की तैयारी में करें। यशवंत ने कहा कि पढ़ाई के बीच कैरम, लूडो और शतरंज जैसे इंडोर खेल खेलने से एकाग्रता, संतुलन और निर्णय क्षमता का विकास होता है। वहीं क्रिकेट और फुटबॉल जैसे मैदानी खेल सुबह 9 बजे से पहले या शाम 4 बजे के बाद खेलने चाहिए। उन्होंने बच्चों से माता-पिता और गुरुजनों का सम्मान करने की अपील करते हुए कहा कि भारत में गुरु को ईश्वर के समान माना गया है और समाज निर्माण की सबसे बड़ी जिम्मेदारी शिक्षकों के हाथ में होती है। कार्यक्रम में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं शतरंज विशेषज्ञ जे.के. जवाहर, शिक्षिका रश्मि सिंह, नेहा कुमारी, रविराज कुमार, नितिश कुमार, निकेश कुमार सहित छात्र-छात्राएं उपस्थित थे। भास्कर न्यूज | खगड़िया प्रखंड के शेखपुरा गांव में मध्य विद्यालय शेखपुरा के वर्ग चार, पांच और छह के समर कैंप के तहत आयोजित पठन-पाठन कार्यक्रम में नशा मुक्त भारत के संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रेम कुमार यशवंत ने छात्रों को गर्मी की छुट्टियों का सदुपयोग करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलें और इस समय का उपयोग अपने पाठ्यक्रम की तैयारी में करें। यशवंत ने कहा कि पढ़ाई के बीच कैरम, लूडो और शतरंज जैसे इंडोर खेल खेलने से एकाग्रता, संतुलन और निर्णय क्षमता का विकास होता है। वहीं क्रिकेट और फुटबॉल जैसे मैदानी खेल सुबह 9 बजे से पहले या शाम 4 बजे के बाद खेलने चाहिए। उन्होंने बच्चों से माता-पिता और गुरुजनों का सम्मान करने की अपील करते हुए कहा कि भारत में गुरु को ईश्वर के समान माना गया है और समाज निर्माण की सबसे बड़ी जिम्मेदारी शिक्षकों के हाथ में होती है। कार्यक्रम में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं शतरंज विशेषज्ञ जे.के. जवाहर, शिक्षिका रश्मि सिंह, नेहा कुमारी, रविराज कुमार, नितिश कुमार, निकेश कुमार सहित छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।


