भारत और वेस्टइंडीज के बीच हैदराबाद में खेले गए चौथे टी20 मुकाबले में कैरेबियाई कप्तान शाई होप ने अपनी शानदार बल्लेबाजी से नया रिकॉर्ड बना दिया। उन्होंने 50 गेंदों पर नाबाद 102 रन की पारी खेली और वेस्टइंडीज को 20 ओवर में 3 विकेट पर 247 रन के बड़े स्कोर तक पहुंचा दिया। इस पारी के साथ होप टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 3 शतक लगाने वाले वेस्टइंडीज के पहले बल्लेबाज बन गए हैं।
शाई होप के लिए यह सीरीज खास रही है। उन्होंने मौजूदा सीरीज में दूसरी बार शतक लगाया है। दिलचस्प बात यह है कि उनके तीनों टी20 अंतरराष्ट्रीय शतक नाबाद 102 रन के रहे हैं। इस उपलब्धि के साथ उन्होंने क्रिस गेल और एविन लुईस को पीछे छोड़ दिया है। गेल और लुईस के नाम इस प्रारूप में 2-2 शतक हैं, जबकि जॉनसन चार्ल्स और रोवमैन पॉवेल 1-1 शतक लगा चुके हैं।
बता दें कि होप ने अपनी पारी की आखिरी गेंद पर छक्का लगाकर टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 2,000 रन भी पूरे कर लिए। वह यह उपलब्धि हासिल करने वाले वेस्टइंडीज के चौथे बल्लेबाज बन गए हैं। उनसे पहले रोवमैन पॉवेल, निकोलस पूरन और ब्रैंडन किंग इस आंकड़े तक पहुंच चुके हैं।
वेस्टइंडीज की पारी में होप के अलावा दूसरे बल्लेबाजों ने भी तेज रन बनाए। ज्वेल एंड्रयू ने 16 गेंदों पर 21 रन बनाकर टीम को अच्छी शुरुआत दिलाई, लेकिन अक्षर पटेल ने उन्हें पगबाधा आउट कर दिया। इसके बाद शिमरोन हेटमायर ने भारतीय गेंदबाजों पर हमला बोल दिया। उन्होंने केवल 12 गेंदों पर 33 रन बनाए, जिसमें 4 चौके और 2 छक्के शामिल रहे। प्रिंस यादव ने उनका कैच खुद पकड़कर इस पारी का अंत किया।
रोवमैन पॉवेल ने 17 गेंदों पर 24 रन बनाए, जबकि शेरफेन रदरफोर्ड ने 26 गेंदों पर नाबाद 49 रन की पारी खेली। इन पारियों की मदद से वेस्टइंडीज ने आखिरी ओवरों में भी तेजी से रन बनाए और भारत के सामने 248 रन का लक्ष्य रखा।
गौरतलब है कि वेस्टइंडीज ने पावरप्ले के 6 ओवर में 1 विकेट पर 79 रन बनाए। यह टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में भारत के खिलाफ संयुक्त रूप से सबसे बड़ा पावरप्ले स्कोर है। टीम ने केवल 7.4 ओवर में 100 रन पूरे कर लिए, जो भारत के खिलाफ सबसे तेज टीम शतक के रिकॉर्ड की बराबरी है।
भारतीय गेंदबाज कैरेबियाई बल्लेबाजों की रफ्तार पर लगाम लगाने में नाकाम रहे। मयंक यादव और अर्शदीप सिंह ने अपने-अपने 4 ओवर में 52-52 रन दिए। प्रिंस यादव ने 36 रन देकर 1 विकेट लिया, जबकि अक्षर पटेल को भी 1 सफलता मिली।
अब भारतीय टीम के सामने 248 रन का कठिन लक्ष्य है। इतने बड़े स्कोर का पीछा करने के लिए भारतीय बल्लेबाजों को शुरुआत से ही तेज रन बनाने होंगे और विकेट बचाकर खेलने की चुनौती का सामना करना होगा।

