मधुबनी में शुक्रवार को शहर के थाना चौक निवासी पवन कुमार सिंह उर्फ पप्पू के साथ नंद होटल के नीचे स्थापित भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के एटीएम में ढाई लाख रुपये की धोखाधड़ी होने का मामला सामने आया है। घटना के बाद पीड़ित शुक्रवार दोपहर 12 बजे शिकायत दर्ज कराने मधुबनी नगर थाना पहुंचे। पीड़ित पवन कुमार सिंह उर्फ पप्पू ने बताया कि एटीएम मशीन में उनका कार्ड फंस गया था। इसके बाद उन्होंने एटीएम मशीन पर लिखे मोबाइल नंबर पर फोन किया। फोन उठाने वाले व्यक्ति ने उन्हें बताया कि वे एसबीआई की शाखा में चले जाएं। वहां से एक इंजीनियर उनके साथ एटीएम मशीन के पास जाकर समस्या का समाधान कर देगा। पीड़ित के अनुसार, इसके बाद वे एसबीआई की शाखा पहुंचे और वहां से दोबारा फोन किया। फोन पर उन्हें बताया गया कि इंजीनियर एटीएम मशीन के पास पहुंच चुका है। यह सुनकर वे भी तत्काल एटीएम केंद्र पहुंचे। वहां पहुंचने पर उन्होंने देखा कि मशीन में उनका एटीएम कार्ड मौजूद नहीं था। इसी बीच उनके मोबाइल पर ढाई लाख रुपये की निकासी का संदेश प्राप्त हुआ। अचानक इतनी बड़ी राशि की निकासी का संदेश मिलने से वे हैरान रह गए। इस संबंध में मधुबनी नगर थानाध्यक्ष मनोज कुमार ने बताया कि पीड़ित को साइबर थाना भेज दिया गया है। मामले की जांच-पड़ताल की जा रही है। मालूम हो मधुबनी शहर में इससे पहले भी एटीएम मशीनों पर प्रदर्शित कथित फर्जी मोबाइल नंबरों के झांसे में आकर कई लोग धोखाधड़ी का शिकार हो चुके हैं। ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए एसएसपी योगेंद्र कुमार ने नगर थाना पुलिस को सभी एटीएम केंद्रों से फर्जी मोबाइल नंबर हटवाने का निर्देश दिया था। इसके बावजूद संबंधित एटीएम से ऐसे नंबर हटाए जाने की कार्रवाई अब तक पूरी नहीं होने का आरोप सामने आया है। एसएसपी कार्यालय के समीप हुई इस घटना ने एटीएम केंद्रों की सुरक्षा व्यवस्था और फर्जी नंबरों पर कार्रवाई को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। मधुबनी में शुक्रवार को शहर के थाना चौक निवासी पवन कुमार सिंह उर्फ पप्पू के साथ नंद होटल के नीचे स्थापित भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के एटीएम में ढाई लाख रुपये की धोखाधड़ी होने का मामला सामने आया है। घटना के बाद पीड़ित शुक्रवार दोपहर 12 बजे शिकायत दर्ज कराने मधुबनी नगर थाना पहुंचे। पीड़ित पवन कुमार सिंह उर्फ पप्पू ने बताया कि एटीएम मशीन में उनका कार्ड फंस गया था। इसके बाद उन्होंने एटीएम मशीन पर लिखे मोबाइल नंबर पर फोन किया। फोन उठाने वाले व्यक्ति ने उन्हें बताया कि वे एसबीआई की शाखा में चले जाएं। वहां से एक इंजीनियर उनके साथ एटीएम मशीन के पास जाकर समस्या का समाधान कर देगा। पीड़ित के अनुसार, इसके बाद वे एसबीआई की शाखा पहुंचे और वहां से दोबारा फोन किया। फोन पर उन्हें बताया गया कि इंजीनियर एटीएम मशीन के पास पहुंच चुका है। यह सुनकर वे भी तत्काल एटीएम केंद्र पहुंचे। वहां पहुंचने पर उन्होंने देखा कि मशीन में उनका एटीएम कार्ड मौजूद नहीं था। इसी बीच उनके मोबाइल पर ढाई लाख रुपये की निकासी का संदेश प्राप्त हुआ। अचानक इतनी बड़ी राशि की निकासी का संदेश मिलने से वे हैरान रह गए। इस संबंध में मधुबनी नगर थानाध्यक्ष मनोज कुमार ने बताया कि पीड़ित को साइबर थाना भेज दिया गया है। मामले की जांच-पड़ताल की जा रही है। मालूम हो मधुबनी शहर में इससे पहले भी एटीएम मशीनों पर प्रदर्शित कथित फर्जी मोबाइल नंबरों के झांसे में आकर कई लोग धोखाधड़ी का शिकार हो चुके हैं। ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए एसएसपी योगेंद्र कुमार ने नगर थाना पुलिस को सभी एटीएम केंद्रों से फर्जी मोबाइल नंबर हटवाने का निर्देश दिया था। इसके बावजूद संबंधित एटीएम से ऐसे नंबर हटाए जाने की कार्रवाई अब तक पूरी नहीं होने का आरोप सामने आया है। एसएसपी कार्यालय के समीप हुई इस घटना ने एटीएम केंद्रों की सुरक्षा व्यवस्था और फर्जी नंबरों पर कार्रवाई को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

