Atar Singh Bhadana Murder Case: भरतपुर/जयपुर: भरतपुर जिले के वैर थाना क्षेत्र के भौंडा गांव में खनन साइट पर पूर्व विधायक अतर सिंह भड़ाना पर जानलेवा हमला किया गया। हमलावरों ने उन्हें लाठी-डंडों और सरियों से तब तक पीटा, जब तक वे बेहोश नहीं हो गए। उनके सिर और छाती के पास से खून बहने लगा। इसके बावजूद हमलावर मारपीट करते रहे। इस मामले में पूर्व विधायक की पत्नी कमलेश भड़ाना ने कुछ आरोपियों को नामजद करते हुए करीब 80 लोगों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई है। कमलेश मैसर्स सुभाषचंद, मुकेशचंद खनन पट्टे में पार्टनर हैं।
रात सात बजे खनन क्षेत्र में पहुंचे हमलावर, पति पर किया हमला
पुलिस को दी गई रिपोर्ट के मुताबिक, रविवार शाम करीब सात बजे कमलेश अपने पति अतर सिंह भड़ाना के साथ खान क्षेत्र में बने आवास पर थीं। इसी दौरान गांव के करीब 80 लोग वहां पहुंच गए। आरोप है कि उनके हाथों में लाठी-डंडे और धारदार हथियार थे। आते ही उन्होंने अतर सिंह भड़ाना को घेर लिया और लाठी-डंडों व सरियों से सिर, हाथ, पैर और पीठ पर वार करने शुरू कर दिए। हमले में उनके सिर से खून बहने लगा। आरोप है कि हमलावर उन्हें तब तक पीटते रहे, जब तक वे बेहोश नहीं हो गए। बीच-बचाव करने पहुंचे खान के कर्मचारी गगन, पूरन सिंह, प्रदीप और सुरक्षा गार्ड पर भी हमला किया गया।
ऑफिस और कमरों में आग लगाने का आरोप
कमलेश भड़ाना ने आरोप लगाया कि हमलावरों ने पूर्व विधायक और कर्मचारियों को जिंदा जलाने के इरादे से ऑफिस और कमरों में आग लगा दी। इसके अलावा थ्रेसर मशीनों में भी तोड़फोड़ की गई। रिपोर्ट के अनुसार, हमलावर कह रहे थे कि सभी को जान से मार दो, कोई बचना नहीं चाहिए। आरोप है कि कमलेश के साथ भी धक्का-मुक्की और मारपीट की गई। परिवादी ने बलदेव, सिया, महेंद्र, रविंद्र, गब्बर, दानवीर, भागमल, योगेश, पप्पी, राजू, जितेंद्र, देवेंद्र, बबली, डिग्गो, शिवनरेश, हरिओम, नरेश, कुंज बिहारी, जल सिंह, लालाराम, जतन और हरनाम सहित करीब 80 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दी है।
25 सितंबर को भी क्रेशर में मारपीट और तोड़फोड़ का आरोप
कमलेश का आरोप है कि इनमें से कुछ लोग 25 सितंबर को भी क्रेशर में घुस आए थे। उस दौरान कर्मचारियों के साथ मारपीट और क्रेशर में तोड़फोड़ कर आरोपी फरार हो गए थे। इस संबंध में 27 सितंबर को वैर थाने में शिकायत दी गई थी।
सुरक्षा गार्ड गगन शर्मा ने बताई घटना
सुरक्षा गार्ड गगन शर्मा के मुताबिक, रात के समय सभी लोग खाना खा रहे थे। अतर सिंह भड़ाना खाना खाने के बाद टहल रहे थे। इसी दौरान कुछ लोग पहाड़ी की तरफ से आए और अचानक बिजली काट दी। इससे चारों ओर अंधेरा छा गया। गगन के अनुसार, इसके बाद लाठी-डंडों से हमला शुरू हो गया और चीखने-चिल्लाने की आवाजें आने लगीं। इसी दौरान किसी ने उनके सिर पर लाठी या डंडे से वार किया, जिससे वह बेहोश हो गए। इसके बाद क्या हुआ, इसकी उन्हें जानकारी नहीं है।
उन्होंने बताया कि हमले के बाद ज्यादातर हमलावर वहां से भाग गए। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। गगन शर्मा को भी इलाज के लिए आरबीएम अस्पताल में भर्ती कराया गया है। गगन के बयान के मुताबिक, सिर पर चोट लगने के बाद उन्हें होश नहीं रहा, इसलिए वह पूरी घटना के बारे में नहीं बता सके। पुलिस ने उनका बयान लेने की कोशिश की, लेकिन उन्होंने तबीयत ठीक नहीं होने के कारण फिलहाल बयान देने से इनकार कर दिया।
पोस्टमॉर्टम में शरीर पर चोटों के कई निशान, हाथ-पैर में फ्रैक्चर
पूर्व विधायक अतर सिंह भड़ाना के शव का सोमवार को जयपुर में मेडिकल बोर्ड से पोस्टमॉर्टम कराया गया। चिकित्सकों के अनुसार, उनके दाएं पैर और दोनों हाथों में फ्रैक्चर मिले। सिर पर गहरा और लंबा घाव था, जिसे मौत का कारण बताया गया। शरीर पर लाठी-सरियों से किए गए वार के कई निशान भी मिले। कई जगह तीन से पांच बार वार किए जाने के निशान पाए गए। भड़ाना के हाथ में गोली लगने की आशंका के चलते एक्स-रे कराया गया, लेकिन जांच में गोली लगने की पुष्टि नहीं हुई। एसएमएस मोर्चरी में एक्स-रे मशीन खराब होने के कारण पोस्टमॉर्टम में देरी हुई। पोस्टमॉर्टम के बाद परिजन शव को हरियाणा के फरीदाबाद स्थित पाली गांव ले गए।
परिजनों ने की सीबीआई जांच की मांग
एसएमएस मोर्चरी में पूर्व विधायक के परिजनों को सांत्वना देने के लिए सांसद राव राजेंद्र सिंह, बूंदी विधायक हरिमोहन शर्मा और पूर्व विधायक जीतराम चौधरी पहुंचे। परिजनों ने पूरे मामले की सीबीआई से जांच कराने की मांग की। जनप्रतिनिधियों ने पुलिस की कार्यप्रणाली और प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए। उनका आरोप था कि विवाद की जानकारी होने के बावजूद पुलिस ने समय रहते प्रभावी कार्रवाई नहीं की।

