उज्जैन में सिंहस्थ 2028 को ‘ग्रीन सिंहस्थ’ थीम पर विकसित करने की तैयारी शुरू हो गई है। इसके तहत पूरे सिंहस्थ क्षेत्र में लगभग 10 लाख पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है। संभागायुक्त आशीष सिंह ने सभी विभागों को सात दिन के भीतर पौधारोपण का विस्तृत प्लान तैयार करने के निर्देश दिए हैं। इस पहल के तहत शहर की नई सड़कों, पंचक्रोशी मार्ग, शिप्रा घाट और मेला क्षेत्र में बड़े पैमाने पर पौधारोपण किया जाएगा। बुधवार दोपहर सिंहस्थ मेला कार्यालय में हुई बैठक में इन योजनाओं पर चर्चा की गई। संभागायुक्त आशीष सिंह ने कहा कि सिंहस्थ से जुड़े हर विकास कार्य के साथ पौधारोपण को अनिवार्य रूप से जोड़ा जाए। उनका उद्देश्य है कि आने वाले वर्षों में पूरा क्षेत्र एक ग्रीन कॉरिडोर के रूप में दिखाई दे। 64 मार्ग पर विशेष रूप से 274 किलोमीटर लंबे सड़क नेटवर्क के दोनों किनारों और डिवाइडर पर फूलदार पौधे लगाए जाएंगे। इनमें अमलतास, गुलमोहर, नील मोहर और पलाश जैसे प्रजातियों का चयन किया जा रहा है। प्रशासन ऐसे पौधों को प्राथमिकता दे रहा है जो कम समय में बड़े होकर सिंहस्थ तक आकर्षक दिखें और गर्मियों में भी रंगीन बने रहें। वन विभाग ने पंचक्रोशी मार्ग पर तीन चरणों में पौधारोपण की योजना प्रस्तुत की है। इस बारिश के मौसम में लगभग 15 हजार बड़े पौधे लगाए जाएंगे। इन पौधों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ट्री गार्ड भी लगाए जाएंगे। उद्यानिकी विभाग को शिप्रा नदी के किनारे निजी जमीनों पर किसानों को फलदार पौधे लगाने के लिए प्रोत्साहित करने को कहा गया है। इसके अतिरिक्त, जल संसाधन विभाग शिप्रा नदी के 29 किलोमीटर क्षेत्र में बन रहे नए घाटों के किनारों पर भी हरियाली विकसित करेगा। घाटों से लगभग डेढ़ मीटर की दूरी पर पौधारोपण किया जाएगा।


