सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (CBI) ने रेलवे के दो कर्मचारियों को गिरफ्तार किया है। दोनों स्पोर्ट्स कोटे से रेलवे में नौकरी कर रहे हैं। इनमें इंटरनेशनल बॉडी बिल्डिंग रेफरी बी. राजशेखर राव शामिल हैं। जो असिस्टेंट स्पोर्ट्स सेक्रेट्री के तौर पर रेलवे में काम कर रहे हैं। वहीं दूसरी आरोपी का नाम के रामा लक्ष्मी है राम लक्ष्मी वेटलिफ्टर हैं। पुलिस रिमांड खत्म होने के बाद आज दोनों को कोर्ट में पेश किया गया। यहां से दोनों को एक जून तक कस्टोडियल डिमांड पर भेज दिया गया है। CBI के वकील प्रशां बाजपेय ने बताया कि पीड़िता से दोनों आरोपियों ने 5 लाख रुपये की मांग की थी। आरोपियों ने वंशिका पर दबाव बनाया कि यदि उसने पैसे नहीं दिए तो उसे मेडिकल परीक्षण में फेल कर दिया जाएगा। वहीं पैसे देने पर उसे टीटीआई पोस्ट के लिए एलिजिबल सर्टिफिकेट जारी करने का आश्वासन दिया गया था। मामले के जांच अधिकारी के अनुसार, पूरे केस का मास्टरमाइंड कौन है, इसकी जांच अभी जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही इस संबंध में पुख्ता तौर पर कुछ कहा जा सकेगा। अब तक की जांच के मुताबिक बी. राजशेखर राव, रामा लक्ष्मी के कोच भी हैं। रामा लक्ष्मी ने राजशेखर राव के कहने पर ही वंशिका से पैसों की मांग की थी। अधिकारियों का मानना है कि वंशिका युवती होने के कारण राजशेखर राव के लिए सीधे बातचीत करने के बजाय रामा लक्ष्मी के जरिए पैसे की बात रखना आसान था। आरोप है कि कोच ने अपनी स्टूडेंट का इस्तेमाल एक माध्यम के तौर पर किया और इसके बदले में कुछ रकम देने का भी प्रस्ताव रखा था।


