यमुनानगर के हमीदा हेड पर पश्चिमी यमुना नहर में डूबे 10वीं कक्षा के छात्र 17 वर्षीय शिवम का दो दिन बाद भी कोई सुराग नहीं लग पाया है। सोमवार को भी गोताखोरों की टीम ने पूरे दिन सर्च ऑपरेशन चलाया, लेकिन छात्र का कोई पता नहीं चल सका। इकलौते बेटे के लापता होने से परिवार की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है, जबकि परिजन नहर किनारे डटे हुए हैं। गोताखोर अमर सिंह ने बताया कि शिवम की तलाश के लिए नहर के अंदर गहराई तक खोजबीन की गई। टीम के सदस्य विशेष सूट पहनकर पानी के भीतर उतरे और संभावित सभी स्थानों की जांच की। इसके अलावा नहर किनारे मौजूद घनी झाड़ियों के नीचे भी तलाश अभियान चलाया गया। आज शिवम के बरामद होने की संभावना अमर सिंह बताया कि कई बार नहर में डूबने वाले व्यक्ति तेज बहाव के साथ बहकर आगे निकल जाते हैं या फिर किनारे की झाड़ियों में फंस जाते हैं। इसी संभावना को देखते हुए आसपास के पूरे क्षेत्र को खंगाला गया, लेकिन अभी तक कोई सुराग नहीं मिला है। तेज जल प्रवाह के कारण शिवम के आगे बह जाने की आशंका भी जताई जा रही है। गोताखोरों के अनुसार नहर में डूबने वाले व्यक्ति का शव फूलकर कुछ समय बाद खुद पानी की सतह पर आ जाता है। ऐसे में टीम को उम्मीद है कि आज शिवम के बारे में कोई जानकारी मिल सकती है। सर्च ऑपरेशन लगातार जारी है और नहर के विभिन्न हिस्सों पर निगरानी रखी जा रही है। परिजन लगातार नहर पर पहरा दे रहे वहीं, शिवम के परिजन भी लगातार नहर किनारे मौजूद हैं और बेटे के मिलने की आस लगाए हुए हैं। परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस और गोताखोरों की टीम लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है तथा छात्र की तलाश के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। शादीपुर निवासी 17 वर्षीय शिवम अपने माता-पिता की इकलौती संतान था और 10वीं कक्षा में पढ़ता था। रविवार को वह घर से स्विमिंग पूल में नहाने की बात कहकर निकला था। उसके साथ पटेल नगर निवासी उसका दोस्त किरणजीत भी था। दोनों का पहले स्विमिंग पूल जाने का कार्यक्रम था, लेकिन बाद में उन्होंने हमीदा हेड पर पश्चिमी यमुना नहर में नहाने का फैसला कर लिया। किरणजीत के अनुसार दोनों नहर में एक-दूसरे का हाथ पकड़कर नहा रहे थे। इसी दौरान वे थोड़ा आगे बढ़े तो अचानक पीछे से पानी का बहाव तेज हो गया। तेज बहाव के कारण दोनों का संतुलन बिगड़ गया और वे डूबने लगे। काफी संघर्ष के बाद किरणजीत किसी तरह किनारे तक पहुंच गया, लेकिन शिवम तेज बहाव में बहकर लापता हो गया।


