मुज़फ्फरनगर में भीषण गर्मी का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। मंगलवार को तापमान 42 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित रहा। सोमवार को जहां अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, वहीं रविवार को यह 39 डिग्री सेल्सियस था। महज दो दिनों में तापमान में 3 डिग्री की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। गर्मी का असर केवल तापमान तक सीमित नहीं है। मंगलवार को 42 डिग्री तापमान भी लोगों को 44 डिग्री के आसपास महसूस हो रहा है। तेज धूप और लू के थपेड़ों ने लोगों का घरों से निकलना मुश्किल कर दिया है। दोपहर के समय सड़कों पर सामान्य दिनों की तुलना में काफी कम भीड़ दिखाई दे रही है और लोग केवल बेहद जरूरी कार्य होने पर ही बाहर निकल रहे हैं।
मौसम विभाग के अनुसार मंगलवार को भी हवाओं की रफ्तार 16 किलोमीटर प्रति घंटा दर्ज की गई, जो सोमवार के बराबर रही। हालांकि रविवार को हवा की रफ्तार 14 किलोमीटर प्रति घंटा थी। बावजूद इसके गर्म हवाओं के कारण लोगों को किसी तरह की राहत नहीं मिल रही है। भीषण गर्मी का आलम यह है कि कूलर, पंखे और कई स्थानों पर एयर कंडीशनर भी राहत देने में नाकाम साबित हो रहे हैं। लोग गर्मी से बचाव के लिए चेहरे को मास्क, गमछा, साफा, कैप और गॉगल्स से ढककर बाहर निकल रहे हैं। गर्मी बढ़ने के साथ ही ठंडे पेय पदार्थों की मांग में भी भारी उछाल आया है। बाजारों में ठंडा पानी, कोल्ड ड्रिंक, लस्सी, नींबू पानी, शिकंजी, लेमन सोडा, जलजीरा, बेल का जूस, गन्ने का रस और आइसक्रीम की बिक्री बढ़ गई है। लोग गर्मी से राहत पाने के लिए इन पेय पदार्थों का सहारा ले रहे हैं। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि अगले कुछ दिनों तक गर्मी और लू का असर बना रह सकता है। ऐसे में लोगों को दोपहर के समय अनावश्यक रूप से घर से बाहर निकलने से बचने और पर्याप्त मात्रा में पानी पीने की सलाह दी जा रही है।


