नौतपा शुरू होने से पहले ही मध्य प्रदेश भट्टी जैसा तप रहा है। सुबह से ही सूरज आग उगलने लगता है। हालात ये है कि सुबह ही पारा 38 से 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाता है। IMD (मौसम केंद्र) भोपाल की माने तो अगले 10 दिन यानी, 31 मई तक गर्मी पीक पर रहेगी। शुक्रवार को निवाड़ी, छतरपुर, पन्ना और सतना में तीव्र लू का रेड अलर्ट है। यहां पारा 46 डिग्री के पार पहुंच सकता है। इससे पहले गुरुवार को पूरे प्रदेश में भीषण गर्मी का दौर रहा। छतरपुर जिले के दो शहर- खजुराहो और नौगांव में पारा 46 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, मुरैना में 45 डिग्री, सतना-रीवा में 44.4 डिग्री, बालाघाट के मलाजखंड-मंडला में 44.2 डिग्री, दतिया, टीकमगढ़, उमरिया और दमोह में 44 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। प्रदेश के 5 बड़े शहरों की बात करें तो जबलपुर में पारा सबसे ज्यादा 43.8 डिग्री, ग्वालियर में 43.3 डिग्री, भोपाल में 42 डिग्री, इंदौर में 40.4 डिग्री और उज्जैन में 41.5 डिग्री सेल्सियस रहा। 44 जिलों में आज हीटवेव का अलर्ट
मौसम विभाग की माने तो शुक्रवार को प्रदेश के कुल 44 जिलों में हीटवेव यानी, लू का अलर्ट है। इनमें ग्वालियर, भिंड, मुरैना, श्योपुर, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, आगर-मालवा, राजगढ़, विदिशा, सागर, दमोह, कटनी, मैहर, उमरिया, शहडोल, रीवा, मऊगंज, सीधी और सिंगरौली में तीव्र लू का ऑरेंज अलर्ट है। वहीं, भोपाल, नीमच, मंदसौर, रतलाम, उज्जैन, खरगोन, खंडवा, बुरहानपुर, सीहोर, शाजापुर, रायसेन, पांढुर्णा, छिंदवाड़ा, नरसिंहपुर, जबलपुर, सिवनी, मंडला, बालाघाट, डिंडौरी और अनूपपुर में हीट वेव चलेगी। यहां तापमान 43 से 45 डिग्री के आसपास बना रहेगा। इंदौर, देवास, हरदा, नर्मदापुरम, बैतूल, धार, बड़वानी, झाबुआ और अलीराजपुर में लू की चेतावनी तो नहीं है, लेकिन यहां तेज गर्मी पड़ेगी। अगले 4 दिन का फोरकास्ट जारी
मौसम विभाग ने अगले चार दिन यानी, 25 मई तक के लिए गर्मी का फोरकास्ट जारी किया है। इसमें कहा गया है कि चार दिन तक पूरे प्रदेश में भीषण गर्मी का दौर बना रहेगा। यानी, लोगों को गर्मी से राहत नहीं मिलेगी। 25 मई से नौतपा शुरू हो रहे हैं। नौतपा के 9 दिन में भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर-जबलपुर समेत पूरे प्रदेश में भीषण गर्मी पड़ेगी। अगले 4 दिन ऐसा रहेगा मौसम… दोपहर 12 से 3 बजे तक बाहर न निकलने की चेतावनी
मध्य प्रदेश में लगातार बढ़ रही गर्मी के मद्देनजर मौसम विभाग ने एडवायजरी जारी की है। मौसम वैज्ञानिक एचएस पांडे ने कहा कि दोपहर 12 से 3 बजे तक गर्मी का ज्यादा असर रहेगा। ऐसे में लोग जरूरी होने पर ही घरों से बाहर निकलें। दिनभर पर्याप्त पानी पीएं और शरीर को हाइड्रेट रखें। हल्के रंग के सूती कपड़े पहनें। बच्चे और बुजुर्ग खासतौर पर ध्यान रखें। मई में MP के 5 बड़े शहरों में ऐसा ट्रेंड भोपाल में गर्मी के साथ बारिश का भी दौर भोपाल में मई में तेज गर्मी के साथ बारिश का ट्रेंड भी रहा है। यहां 2016 में तापमान रिकॉर्ड 46.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था। 2014 से 2023 तक हर साल मई में बारिश दर्ज की गई। 2021 और 2023 में 2 इंच से ज्यादा पानी गिरा था। इस बार भी मई में बारिश का अलर्ट है। इंदौर में 2023 में गिरा था 3 इंच पानी इंदौर में मई में तापमान 46 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है। मौसम विभाग के अनुसार, 31 मई 1994 को यहां रिकॉर्ड 46.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया था। मई में मौसम बदलने के साथ बादल और बौछारें भी होती हैं। पिछले साल करीब 3 इंच बारिश हुई थी। 2014 से 2023 के बीच 9 बार मई में बारिश हो चुकी है। ग्वालियर में 48 डिग्री के पार पहुंच चुका पारा ग्वालियर में प्रदेश के अन्य बड़े शहरों की तुलना में ज्यादा गर्मी पड़ती है। 10 साल में यहां तापमान एक बार 47 डिग्री और तीन बार 46 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है। 30 मई 1947 को यहां रिकॉर्ड 48.3 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया था। मौसम में बदलाव के कारण मई में ग्वालियर में बारिश भी होती है। 17 मई 1953 को 24 घंटे में सर्वाधिक 41.9 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई थी। 2023 में भी यहां ढाई इंच पानी गिरा था। जबलपुर में 3 बार 45 डिग्री पार कर चुका तापमान जबलपुर में 25 मई 1954 को तापमान रिकॉर्ड 46.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था। 10 साल में तीन बार पारा 45 डिग्री सेल्सियस के पार गया है। मई में यहां बारिश का ट्रेंड भी रहा है। 2014 से 2023 तक हर साल इस महीने बारिश हुई। 2021 की मई में 3 इंच से ज्यादा बारिश हुई थी, जबकि पिछले साल करीब 2 इंच पानी गिरा था। उज्जैन में भी गर्मी, बारिश का ट्रेंड उज्जैन में मई में गर्मी और बारिश दोनों का ट्रेंड रहता है। 22 मई 2010 को यहां तापमान रिकॉर्ड 46 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा था। 2014 से 2023 के बीच एक बार पारा 45 डिग्री सेल्सियस के पार गया। हालांकि, पिछले साल तापमान 42.4 डिग्री सेल्सियस से ज्यादा नहीं पहुंचा। मई में यहां बारिश भी होती है। पिछले साल करीब पौन इंच पानी गिरा था। जरूरत की खबर… गर्मियों के लिए वर्कआउट सेफ्टी टिप्स: इन 9 संकेतों को न करें इग्नोर, बरतें 11 जरूरी सावधानियां, बता रहे हैं डॉक्टर गर्मियों में फिटनेस रूटीन बनाए रखना चैलेंजिंग होता है। इस दौरान पसीना ज्यादा आता है, जल्दी थकान होती है और डिहाइड्रेशन का रिस्क बढ़ जाता है, जिससे वर्कआउट मुश्किल होता है। कुछ लोग इस वजह से एक्सरसाइज अवॉइड करते हैं, जबकि कुछ बिना सावधानी के वर्कआउट करते हैं। इससे सेहत को नुकसान हो सकता है। पढ़ें पूरी खबर…


