सहरसा में गुरुवार को एक अनोखी पहल देखने को मिली, जब नगर निगम की मेयर बैन प्रिया और कई वार्ड पार्षद पैदल चलकर अपने कार्यालय पहुंचे। यह कदम देश में डीजल-पेट्रोल की बढ़ती खपत और संभावित ऊर्जा संकट को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ईंधन बचत की अपील के जवाब में उठाया गया। इस पहल के माध्यम से उन्होंने लोगों को ईंधन बचाने का संदेश दिया। मेयर बैन प्रिया ने बताया कि प्रधानमंत्री ने महीने में कम-से-कम एक दिन पेट्रोल और डीजल की बचत करने का आह्वान किया है। इसी सोच को आगे बढ़ाते हुए, नगर निगम के जनप्रतिनिधियों ने पैदल चलकर कार्यालय पहुंचने का निर्णय लिया। उन्होंने कहा कि देशहित में प्रत्येक नागरिक को ईंधन संरक्षण के प्रति जागरूक होना आवश्यक है। अभी से जागरूकता और व्यवहार में बदलाव लाना जरूरी मेयर ने आगे कहा कि यदि लोग सप्ताह में एक दिन भी साइकिल या पैदल चलने की आदत अपनाते हैं, तो इससे न केवल पेट्रोल-डीजल की बचत होगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण में भी महत्वपूर्ण सहायता मिलेगी। उन्होंने वर्तमान में डीजल और पेट्रोल की उपलब्धता को लेकर बढ़ती चिंता पर भी प्रकाश डाला। बैन प्रिया ने कहा कि आने वाले दिनों में लोगों को वैकल्पिक ऊर्जा स्रोतों, विशेष रूप से पीएनजी और अन्य स्वच्छ ऊर्जा पर अधिक निर्भर होना पड़ सकता है। ऐसे में अभी से जागरूकता और व्यवहार में बदलाव लाना जरूरी है। इस पहल में वार्ड पार्षद राजेश कुमार सिंह, राजा कुमार, मो. तारीख, सिंकु सिन्हा सहित अन्य पार्षदों ने भी सक्रिय भागीदारी निभाई और अपने आवास से पैदल ही कार्यालय पहुंचे। ईंधन की बचत के साथ-साथ प्रदूषण पर भी नियंत्रण जनप्रतिनिधियों की इस पहल की शहर में व्यापक चर्चा हो रही है और लोगों ने इसे एक सकारात्मक संदेश देने वाला कदम बताया है। नगर निगम प्रतिनिधियों ने आम लोगों से भी अपील की है कि वे छोटी दूरी तय करने के लिए वाहन के बजाय पैदल चलने या साइकिल का उपयोग करें, जिससे ईंधन की बचत के साथ-साथ प्रदूषण पर भी नियंत्रण पाया जा सके। सहरसा में गुरुवार को एक अनोखी पहल देखने को मिली, जब नगर निगम की मेयर बैन प्रिया और कई वार्ड पार्षद पैदल चलकर अपने कार्यालय पहुंचे। यह कदम देश में डीजल-पेट्रोल की बढ़ती खपत और संभावित ऊर्जा संकट को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ईंधन बचत की अपील के जवाब में उठाया गया। इस पहल के माध्यम से उन्होंने लोगों को ईंधन बचाने का संदेश दिया। मेयर बैन प्रिया ने बताया कि प्रधानमंत्री ने महीने में कम-से-कम एक दिन पेट्रोल और डीजल की बचत करने का आह्वान किया है। इसी सोच को आगे बढ़ाते हुए, नगर निगम के जनप्रतिनिधियों ने पैदल चलकर कार्यालय पहुंचने का निर्णय लिया। उन्होंने कहा कि देशहित में प्रत्येक नागरिक को ईंधन संरक्षण के प्रति जागरूक होना आवश्यक है। अभी से जागरूकता और व्यवहार में बदलाव लाना जरूरी मेयर ने आगे कहा कि यदि लोग सप्ताह में एक दिन भी साइकिल या पैदल चलने की आदत अपनाते हैं, तो इससे न केवल पेट्रोल-डीजल की बचत होगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण में भी महत्वपूर्ण सहायता मिलेगी। उन्होंने वर्तमान में डीजल और पेट्रोल की उपलब्धता को लेकर बढ़ती चिंता पर भी प्रकाश डाला। बैन प्रिया ने कहा कि आने वाले दिनों में लोगों को वैकल्पिक ऊर्जा स्रोतों, विशेष रूप से पीएनजी और अन्य स्वच्छ ऊर्जा पर अधिक निर्भर होना पड़ सकता है। ऐसे में अभी से जागरूकता और व्यवहार में बदलाव लाना जरूरी है। इस पहल में वार्ड पार्षद राजेश कुमार सिंह, राजा कुमार, मो. तारीख, सिंकु सिन्हा सहित अन्य पार्षदों ने भी सक्रिय भागीदारी निभाई और अपने आवास से पैदल ही कार्यालय पहुंचे। ईंधन की बचत के साथ-साथ प्रदूषण पर भी नियंत्रण जनप्रतिनिधियों की इस पहल की शहर में व्यापक चर्चा हो रही है और लोगों ने इसे एक सकारात्मक संदेश देने वाला कदम बताया है। नगर निगम प्रतिनिधियों ने आम लोगों से भी अपील की है कि वे छोटी दूरी तय करने के लिए वाहन के बजाय पैदल चलने या साइकिल का उपयोग करें, जिससे ईंधन की बचत के साथ-साथ प्रदूषण पर भी नियंत्रण पाया जा सके।


