LSG vs KKR: ‘हर खिलाड़ी को जिम्मेदारी लेनी होगी’, LSG की लगातार 5वीं हार के बाद अपनी टीम पर बरसे कप्तान ऋषभ पंत

LSG vs KKR: ‘हर खिलाड़ी को जिम्मेदारी लेनी होगी’, LSG की लगातार 5वीं हार के बाद अपनी टीम पर बरसे कप्तान ऋषभ पंत

LSG vs KKR: आईपीएल 2026 में रविवार रात 38वां मुकाबला लखनऊ के भारत रत्न श्री अटल बिहारी वाजपेयी इकाना क्रिकेट स्टेडियम में लखनऊ सुपर जायंट्स और कोलकाता नाइट राइडर्स के बीच खेला गया। इस रोमांचक मैच में केकेआर ने पहले बल्‍लेबाजी करते हुए 155 रन स्‍कोर बोर्ड पर लगाए, लेकिन एलएसजी भी निर्धारित ओवरों 155 रन ही बना सकी और मैच टाई हो गया। फिर सुपर ओवर में एलएसजी से मिले महज 2 रनों के टारगेट को केकेआर ने पहली ही गेंद हासिल करते हुए जीत दर्ज की। ये टूर्नामेंट में एलएसजी की लगातार पांचवीं हार थी। इस हार के बाद सुपर जायंट्स के कप्‍तान ऋषभ पंत बेहद हताश दिखे। इसके लिए उन्‍होंने पूरी टीम को खरी-खरी सुनाई।

हर खिलाड़ी को जिम्मेदारी लेनी होगी- पंत

मैच के बाद कप्तान ऋषभ पंत ने हमें निश्चित रूप से एक ब्रेक की जरूरत है। हम तरोताजा होकर लौटेंगे। यह हमेशा ही दबाव वाला खेल रहेगा, लेकिन साथ ही हमें जवाब अपने अंदर ही खोजने होंगे, बाहर नहीं। बस चीजों को आसान रखना होगा। हर खिलाड़ी को जिम्मेदारी लेनी होगी। ऐसा नहीं हो सकता कि जिम्मेदारी सिर्फ एक या दो खिलाड़ियों की हो। यह पूरी टीम की जिम्मेदारी होनी चाहिए और मुझे पूरा यकीन है कि बहुत से लोग इसके लिए जिम्मेदारी लेंगे।

पूरन को भेजने के पीछे क्या सोच थी?

पूरन फॉर्म में नहीं हैं, उन्हें भेजने के पीछे क्या सोच थी? इस पर पंत ने कहा कि हमने एक ग्रुप के तौर पर चर्चा की, हमने बातचीत की और जिस खिलाड़ी का नाम सामने आया, वह निकी पी था। हो सकता है कि वह अभी अपने करियर के सबसे अच्छे दौर से न गुजर रहा हो, लेकिन ऐसी मुश्किल परिस्थितियों में आपको अपने खिलाड़ी पर भरोसा करना होता है।

मुझे यकीन है कि वह अच्छा प्रदर्शन करेगा। इसलिए, इस बारे में कोई बहाना नहीं। हम सिर्फ सकारात्मक पहलुओं पर ध्यान दे रहे हैं। हो सकता है कि अभी बहुत ज्‍यादा सकारात्मक बातें न हों, लेकिन मुझे लगता है कि ब्रेक के बाद, निश्चित रूप से बहुत सारी सकारात्मक बातें होंगी।

आखिरी ओवर में राठी से क्‍यों कराया?

आखिरी ओवर में राठी से गेंदबाजी करवाने के पीछे क्या सोच थी? इस पर उन्‍होंने कहा कि क्रिकेट में हमेशा ऐसे मौके आते हैं, जब आप गेंदबाजी में थोड़ा-बहुत बदलाव कर सकते हैं। लेकिन, कभी-कभी गेंदबाजों को मुश्किल ओवर फेंकने ही पड़ते हैं। ऐसे मौके भी आएंगे, जब मुझे उसे बीच के ओवरों में गेंदबाजी देनी होगी, क्योंकि मैं विकेट की तलाश में था। बस मुझे विकेट नहीं मिला। इसके पीछे यही सोच थी। मैदान पर बहुत ज्‍यादा दिमाग लगाने से चीजें आसान नहीं होतीं।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *