सीतामढ़ी जिले के बेला थाना क्षेत्र से एक कपड़ा व्यवसायी का अपहरण हो गया है। अपहृत व्यवसायी की पहचान खैरवा गांव निवासी राज किशोर चौधरी के रूप में हुई है। वह बेला थाना क्षेत्र के नोचा चौक पर पिछले 30 वर्षों से मनपसंद कपड़ा दुकान का संचालन करते थे। दुकान बंद करने के बाद वह अपने घर नहीं पहुंचे, जिसके बाद परिजनों ने मंगलवार को पुलिस को सूचना दी। परिजनों ने फिरौती के लिए अपहरण की आशंका जताई है, हालांकि अब तक उन्हें कोई फिरौती कॉल नहीं आया है। काफी छानबीन के बाद नोचा चौक से लगभग 200 मीटर दूर सड़क किनारे से व्यवसायी की मोटरसाइकिल और चप्पल बरामद हुई है। पुलिस विभिन्न स्थानों पर लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाल रही है। घटना की सूचना मिलते ही एडिशनल एसपी आशीष आनंद खुद मामले की जांच में जुट गए हैं। भाई के अपहरण की आशंका जताते हुए आवेदन दिया एडिशनल एसपी आशीष आनंद ने बताया कि राज किशोर चौधरी के भाई रंजीत कुमार चौधरी ने बेला थाना में अपने भाई के अपहरण की आशंका जताते हुए आवेदन दिया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है। गौरतलब है कि वर्ष 2020 में भी राज किशोर चौधरी के घर पर डकैती की एक बड़ी घटना हुई थी। सीतामढ़ी जिले के बेला थाना क्षेत्र से एक कपड़ा व्यवसायी का अपहरण हो गया है। अपहृत व्यवसायी की पहचान खैरवा गांव निवासी राज किशोर चौधरी के रूप में हुई है। वह बेला थाना क्षेत्र के नोचा चौक पर पिछले 30 वर्षों से मनपसंद कपड़ा दुकान का संचालन करते थे। दुकान बंद करने के बाद वह अपने घर नहीं पहुंचे, जिसके बाद परिजनों ने मंगलवार को पुलिस को सूचना दी। परिजनों ने फिरौती के लिए अपहरण की आशंका जताई है, हालांकि अब तक उन्हें कोई फिरौती कॉल नहीं आया है। काफी छानबीन के बाद नोचा चौक से लगभग 200 मीटर दूर सड़क किनारे से व्यवसायी की मोटरसाइकिल और चप्पल बरामद हुई है। पुलिस विभिन्न स्थानों पर लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाल रही है। घटना की सूचना मिलते ही एडिशनल एसपी आशीष आनंद खुद मामले की जांच में जुट गए हैं। भाई के अपहरण की आशंका जताते हुए आवेदन दिया एडिशनल एसपी आशीष आनंद ने बताया कि राज किशोर चौधरी के भाई रंजीत कुमार चौधरी ने बेला थाना में अपने भाई के अपहरण की आशंका जताते हुए आवेदन दिया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है। गौरतलब है कि वर्ष 2020 में भी राज किशोर चौधरी के घर पर डकैती की एक बड़ी घटना हुई थी।


