Lucknow News Today: लखनऊ में दबंगई का एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां शनिवार को कमता तिराहे पर चेकिंग के दौरान कार सवारों ने ट्रैफिक पुलिसकर्मी की जान जोखिम में डाल दी। सिपाही ने जब कार को रुकने का इशारा किया, तो ड्राइवर ने रुकने के बजाय गाड़ी की रफ्तार बढ़ा दी। अपनी जान बचाने के लिए सिपाही जैसे ही बोनट पर कूदा, ड्राइवर उसे उसी हालत में करीब 200 मीटर तक घसीटता हुआ ले गया।
बीच सड़क पर मौत का खेल
यह घटना शनिवार की है जब कमता तिराहे पर ट्रैफिक पुलिस जाम हटाने और अवैध रूप से खड़े वाहनों के खिलाफ अभियान चला रही थी। ड्यूटी पर तैनात सिपाही गौरव बंसल ने एक कार को रुकने के लिए कहा क्योंकि उसमें क्षमता से ज्यादा लोग बैठे थे। सिपाही ने जैसे ही चालक को नीचे उतरने को कहा, उसने रफ्तार बढ़ा दी। सिपाही खुद को बचाने की कोशिश में कार के बोनट पर गिर गया, लेकिन फिर भी चालक ने फिर भी ब्रेक नहीं मारा और काफी दूर तक सिपाही को बोनट पर टांगकर गाड़ी दौड़ाई।
पुलिस ने पीछा कर पकड़ा, थाने में हुआ हाई-वोल्टेज ड्रामा
सिपाही को बोनट पर लटका देख आसपास मौजूद पुलिसकर्मियों के होश उड़ गए। उन्होंने तुरंत कार का पीछा किया और चिनहट तिराहे के पास ओवरब्रिज पर उसे घेरकर रोक लिया। पुलिस आरोपी चालक को पकड़कर चिनहट कोतवाली ले गई, लेकिन वहां असली ड्रामा शुरू हुआ। कुछ ही देर में वकीलों की ड्रेस में दर्जनों लोग थाने पहुंच गए और जबरदस्त हंगामा किया। पुलिस का आरोप है कि ये लोग जबरन आरोपी को थाने से छुड़ाकर अपने साथ ले गए।
दावों और आरोपों के बीच उलझा मामला
सिपाही गौरव बंसल ने आरोपी के खिलाफ जानलेवा हमले और सरकारी काम में बाधा डालने की शिकायत दी है। वहीं दूसरी ओर, कार सवार लोगों का कहना है कि सिपाही ने ही उनके साथ बदतमीजी और मारपीट की थी। इस घटना ने एक बार फिर लखनऊ पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था और दबंगों के हौसलों पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
CCTV से खुलेगा राज
चिनहट इंस्पेक्टर दिनेश मिश्र ने बताया कि दोनों तरफ से शिकायतें मिली हैं। मामले की सच्चाई जानने के लिए पुलिस अब घटना वाली जगह और रास्ते में लगे CCTV कैमरों की फुटेज चेक कर रही है। वीडियो सबूतों के आधार पर ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।


