अमेठी में भीषण गर्मी ने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। जिले का अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है, जिससे पूरा जिला लू की चपेट में है। तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण लोगों का घर से निकलना मुश्किल हो गया है। सुबह 10 बजे के बाद से ही सड़कों पर सन्नाटा पसर गया है। बाजारों में भी खरीदारों की संख्या न के बराबर है। तेज हवाओं के साथ उड़ती धूल ने आवागमन में परेशानी और बढ़ा दी है। दोपहिया वाहन चालकों और पैदल चलने वालों को विशेष रूप से दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
भीषण गर्मी से जनजीवन प्रभावित हुआ है, और लोग घरों में रहने को मजबूर हैं। आवश्यक काम से निकलने वाले लोग गमछा, टोपी और छाते का उपयोग कर रहे हैं। कई जगहों पर लोग शरबत, गन्ने का रस और अन्य ठंडे पेय पदार्थों का सेवन कर गर्मी से राहत पाने का प्रयास कर रहे हैं।
गर्मी का असर पशु-पक्षियों पर भी स्पष्ट दिख रहा है। तालाबों और पोखरों का पानी सूखने से मवेशी परेशान हैं। अस्पतालों में लू लगने और डिहाइड्रेशन के मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है। डॉक्टरों ने लोगों को दोपहर में घर से न निकलने और अधिक से अधिक पानी पीने की सलाह दी है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक गर्मी से राहत मिलने के आसार नहीं हैं, और तापमान में और बढ़ोतरी हो सकती है। प्रशासन ने भी लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है।


